जन-गण-मन का अभिमान है ‘हिन्दी’

डॉ० पृथ्वीनाथ पाण्डेय


डॉ० पृथ्वीनाथ पाण्डेय
(प्रख्यात भाषाविद्-समीक्षक)

समग्र भारत का परिधान है हिन्दी,
राष्ट्रीय आन-बान औ’ शान है हिन्दी।
भाषाओं में है शीर्ष स्थान पर स्थित,
जीवन-मरण का आख्यान है हिन्दी।
आओ! करें नमन अपनी राजभाषा को,
हमारे आचरण का संविधान है हिन्दी।
तुलसी-कबीर-मीराँ-रसखान-जायसी
कर्म-धर्म-मर्म का व्याख्यान है हिन्दी।
विश्व में द्वितीय स्थान पर जो समादृत,
जन-गण-मन का अभिमान है हिन्दी।

(सर्वाधिकार सुरक्षित : डॉ० पृथ्वीनाथ पाण्डेय, इलाहाबाद; २२ जून, २०१८ ईसवी)

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