सई नदी की करुण कथा : पौराणिक और ऐतिहासिक नदी मर रही है

ऐसे मामले दुनिया में भारत की छवि को धूमिल कर रहे

विदेश मंत्रालय ने गुरुवार को अपनी साप्ताहिक प्रेस ब्रीफिंग की इस दौरान विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने पाकिस्तान से अल्पसंख्यकों की रक्षा, उज्बेकिस्तान में 18 बच्चों की मौत, कोविड स्वास्थ्य प्रोटोकॉल, दलाई लामा की जासूसी समेत कई एहम मामलो पर सरकार का पक्ष बताया। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने कहा जब भी कोई अप्रिय घटनाएं सामने आती हैं तो हम उन्हें बहुत गंभीरता से लेते हैं।

यूक्रेन के ग्रेन कॉरिडॉर से जुड़े एक सवाल के जवाब में प्रवक्ता अरिंदम बागची ने कहा मुझे इसकी जानकारी है। हम द्वि-पक्षीय संबंधों के मद्देनजर सहयोग कर रहे हैं। मैं इस बारे में स्पष्ट नहीं कह सकता कि हम यूक्रेन के ग्रेन कॉरिडॉर से जुड़ेंगे या नहीं। हम उसकी मानवीय मदद की हर संभव कोशिश कर रहे हैं। यह मानवीय सहायता भी उस वक्त उपलब्ध कराई जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और यूक्रेन के राष्ट्रपति व्लादिमीर जेलेंस्की के बीच टेलीफोन पर वार्ती हुई।

कफ सिरप के सेवन से उज्बेकिस्तान में 18 बच्चों की मौत के मामले में विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने कहा कि भारतीय दवा उद्योग दुनियाभर के देशों के लिए एक विश्वसनीय आपूर्तिकर्ता रहा है।

उज्बेकिस्तान में कथित तौर पर भारतीय कंपनी मैरियन बायोटेक द्वारा बनाई गई खांसी की दवाई डॉक1 मैक्स के कारण मौतों की खबर दुखद है। ऐसे मामले दुनिया में भारत की छवि को धूमिल कर रहे हैं।

पाकिस्तान के सिंध प्रांत में एक हिंदू महिला की हत्या के बाद भारत ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। MEA के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने कहा है कि हमने इसको लेकर रिपोर्ट देखी है, लेकिन हमारे पास इसकी खास जानकारी नहीं है। हमने इस बात को दोहराया है कि पाकिस्तान को अपने अल्पसंख्यकों की रक्षा और सुरक्षा करनी चाहिए।
विभिन्न देशों में कोविड वृद्धि के मामलों को लेकर विदेश मंत्रालय ने आगे कहा हम उम्मीद करते हैं कि चीन, जापान और दक्षिण कोरिया में हमारे मिशन कोविड स्वास्थ्य प्रोटोकॉल और स्थानीय नियमों का पालन करेंगे।

दलाई लामा की कथित जासूसी के लिए एक वांछित चीनी महिला के स्केच पर बागची ने कहा यह एक सुरक्षा का विषय है। सुरक्षा के मुद्दे पर बोलने के लिए यह सही मंच नहीं है लेकिन भारत सुरक्षा की दृष्टि से हमेशा चौकन्ना है।

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने ब्रीफिंग में बताया कि मालदीव सरकार ने माले में भारतीय उच्चायोग को दी गई धमकी के खिलाफ त्वरित कार्रवाई की है। गौरतलब है कि मालदीव की विपक्षी प्रोग्रेसिव पार्टी (पीपीएम) के सदस्य अब्बास आदिल रिजा ने 23 दिसंबर को माले में भारतीय उच्चायोग पर आग लगाने का आह्वान करता हुआ विवादित ट्वीट किया था। इसके बाद मालदीव सरकार ने आधिकारिक बयान में कहा था कि स्थिति के संबंध में सभी आवश्यक सावधानियां बरती जा रही है। मालदीव सरकार ने धमकी की जांच शुरू कर दी है। सत्तारूढ़ एमडीपी और कई अन्य राजनीतिक दलों ने इसकी निंदा की है।

(रिपोर्ट: शाश्वत तिवारी)