Interview : स्नातक निर्वाचन क्षेत्र लखनऊ की निर्दलीय प्रत्याक्षी कान्ति सिंह का विशेष साक्षात्कार

प्रियंका और राहुल ‘राजस्थान’ की बेटी के घर कब जायेंगे?

आचार्य पण्डित पृथ्वीनाथ पाण्डेय

— आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय

राहुल और प्रियंका गांधी जितनी तत्परता और सक्रियता के साथ हाथरस (उत्तरप्रदेश) की घटना को लेकर दिखा रहे हैं उतनी ही तत्परता पिछले दिनों राजस्थान में घटी घटना में भी दिखानी होगी, अन्यथा इसे 'बेईमान नज़र' कहा जायेगा। बेटियाँ बँटी हुई नहीं होतीं। वहाँ तो उनकी सरकार है; पुलिस और प्रशासन वहाँ पहुँचने में अड़ंगा नहीं डालनेवाले।
 
काँग्रेस का यह प्रयास तभी अराजनैतिक कहा जायेगा जब वे 'कल' ही तारीख़ में राजस्थान के मुख्यमन्त्री अशोक गहलौत से 'कारण बताओ' आदेश प्रसारित करेंगे और दुष्कर्म से आहत परिवारवालों से मिलेंगे। काँग्रेस के शासनकाल में बेटियों के साथ अपराध हो तो काँग्रेस का मुखिया मौन बना रहे ओर जब अपने विरोधी सत्तारुढ़ दल के शासन में वही अपराध हो तब आक्रामक रूप दिखे। यह एक प्रकार का 'दोगला चरित्र' है। काँग्रेस को सभी घटनाओं का खुले रूप में विरोध करना होगा, अन्यथा हम इसे एकपक्षीय राजनीति के अलावा और कुछ नहीं समझेंगे। 

(सर्वाधिकार सुरक्षित– आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय, प्रयागराज; ३ अक्तूबर, २०२० ईसवी।)

url and counting visits