सई नदी की करुण कथा : पौराणिक और ऐतिहासिक नदी मर रही है

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंत्रियों के लिए जारी की आचार संहिता

यूपी की योगी सरकार जब से सत्ता में आयी है लगातार बडे फैसले लेकर राज्य की जनता के हित में काम कर रही है । पहली दो कैबिनेट में बड़े बडे फैसले लेने के बाद सबकी नजरें तीसरी कैबिनेट पर थी । योगी सरकार की तीसरी कैबिनेट मीटिंग में मंगलवार को फसल बीमा और ई-टेंडरिंग समेत कई प्रस्तावों पर मुहर लगी। किसानों के लिए एक और बडा फैसला लेते हुए योगी सरकार ने फसल बीमा योजना को पूरे प्रदेश में दो साल में लागू करने की बात कही है । राज्य सरकार ने आगरा एयरपोर्ट का नाम दीन दयाल उपाध्याय तो गोरखपुर एयरपोर्ट का नाम गुरु गोरखनाथ के नाम पर करने का फैसला किया है । विकलांगजन विभाग का नाम बदल कर दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग किया गया है। राज्य सरकार ने 20 कृषि विज्ञान केंद्रों की स्थापना भी करने का फैसला किया है ।
मंत्रियों को आदेश दिया गया है कि अगर किसी भी मंत्री को 5000 रुपये से ज्यादा का गिफ्ट मिलता है तो वह सीधे तौर पर सरकारी खजाने में जायेगा. इसके साथ ही मंत्री किसी भी शहर की यात्रा के दौरान किसी बड़े होटल में रुकने की बजाय की सर्किट हाउस या गेस्ट हाउस में ही रुकेंगे ष मंत्री के परिजन किसी भी तरह के सरकारी ठेके, सप्लाई या पट्टों से दूर रहे । इसके साथ ही सभी मंत्रियों से मंत्री पद ग्रहण करने से पहले के कारोबार और उससे होने वाली आमदनी के बारे में जानकारी देने को कहा गया है । इस बीच योगी सरकार ने मंगलवार को दूसरा बड़ा तबादला किया है।
41 आइएएस अफसरों को नए दायित्व सौंपे गए हैं। इनमें इलाहाबाद, आगरा, झांसी, चित्रकूट, मेरठ, देवीपाटन, बरेली, लखनऊ व कानपुर में मंडलायुक्त तथा बस्ती, गोरखपुर, संतकबीरनगर, कानपुर देहात, जालौन, शाहजहांपुर और मीरजापुर में नए डीएम भेजे गए हैं। तीन विकास प्राधिकरणों में उपाध्यक्षों की भी तैनाती की गई है। मुख्यमंत्री ने अपने गृह जिले गोरखपुर में डीएम बदलने के साथ ही पूर्वी उत्तर प्रदेश में कई महत्वपूर्ण पदों पर फेरबदल किया है । योगी आदित्यनाथ की सरकार को बने लगभग एक महीना हो गया है और वो राज्य को उत्तम प्रदेश बनाने के लिए लगातार कड़े कदम उठा रही है ।