शिवत्व की यात्रा : रहस्यमयी संन्यासी और पहली कसौटी

March 30, 2026 0

डॉ० राघवेन्द्र कुमार राघव– रात का सन्नाटा गहरा था। आकाश में बादल छाये हुए थे और चन्द्रमा कभी-कभी उनके बीच से झाँक जाता था। सुधांशु के घर के आँगन में दीपक की लौ हल्की-हल्की काँप […]

शिवत्व की यात्रा : परीक्षा का आरम्भ

March 26, 2026 0

डॉ० राघवेन्द्र कुमार राघव– भोर का समय था। पूर्व दिशा में सूर्य की हल्की आभा प्रकट होने लगी थी। आश्रम के चारों ओर फैली निस्तब्धता धीरे-धीरे पक्षियों के कलरव से टूट रही थी। वृक्षों की […]

शिवत्व की यात्रा : साधना की गुप्त परम्परा

March 16, 2026 0

डॉ० राघवेन्द्र कुमार राघव– उस रहस्यमयी अतिथि के जाने के बाद कई दिनों तक निरंजन के भीतर एक अजीब जिज्ञासा बनी रही। वह व्यक्ति कौन था? उसका उद्देश्य क्या था? और उसे कैसे पता था […]

शिवत्व की यात्रा : भीतर के अंधकार से युद्ध है गृहस्थ का तप

March 9, 2026 0

डॉ० राघवेन्द्र कुमार राघव– प्रभात का समय था। पूर्व दिशा में सूर्य की पहली किरणें आकाश को हल्की स्वर्णिम आभा से भर रही थीं। आश्रम के प्रांगण में शांति थी, पर उस शांति के भीतर […]

शिवत्व की यात्रा का अगला चरण : मौन-तप और वाणी की शुद्धि

February 25, 2026 0

डॉ० राघवेन्द्र कुमार राघव– श्रावण का अन्तिम सप्ताह बीत चुका था। आश्रम का वातावरण अब अधिक शांत था। वर्षा की रिमझिम ध्वनि, वृक्षों से टपकती जल-बूँदें और दूर बहती नदी का मधुर स्वर—सब मिलकर एक […]

शिवत्व की यात्रा : मौन का प्रकाश

February 22, 2026 0

डॉ० राघवेन्द्र कुमार राघव– प्रातःकाल का समय था। आकाश में हल्की लालिमा फैल रही थी। पूर्व दिशा में सूर्य अभी उगा नहीं था, परन्तु उसका संकेत धरती को जागृत कर चुका था। आश्रम के प्रांगण […]

शिव की महिमा : जन-मन मे शिवत्व का प्रस्फुटन

February 21, 2026 0

डॉ० राघवेन्द्र कुमार राघव– महाशिवरात्रि की उस साधना-रात्रि के पश्चात् गाँव का वातावरण जैसे दीर्घकाल तक उसी भाव में डूबा रहा। यह परिवर्तन क्षणिक उत्साह का परिणाम नहीं था; यह धीरे-धीरे लोकजीवन में उतरने लगा। […]

विद्या परमं धनम् : भारतीय शास्त्रीय परम्परा में ज्ञान, साधना और लोकहित का दर्शन

February 8, 2026 0

डॉ० राघवेन्द्र कुमार राघव– “विद्या परमं धनम्।” — यह केवल एक सूक्ति नहीं, अपितु भारतीय सभ्यता की आत्मा है। मानव इतिहास में यदि किसी संस्कृति ने ज्ञान को सत्ता, संपत्ति और सामर्थ्य से ऊपर स्थान […]

रामायण : सीता-हरण के पश्चात की कहानी

January 31, 2026 0

डॉ० राघवेन्द्र कुमार राघव– वह वन निःशब्द था। पत्तों पर गिरती धूप तक जैसे ठिठक गई हो।धरती पर पड़ा वह वृद्ध गिद्ध—जटायु—अब उड़ नहीं सकता था, पर उसकी आँखों में अब भी आकाश शेष था। […]

ब्राह्मण : पुनर्मूल्यांकन की अनिवार्यता

January 20, 2026 0

डॉ० राघवेन्द्र कुमार राघव– सबसे पहले ब्राह्मण को पुनर्मूल्यांकन की आवश्यकता है। यह कथन किसी वर्गविशेष के अपमान या सामाजिक विद्वेष से प्रेरित नहीं, अपितु धर्म-संरक्षण और सामाजिक सुचिता की गम्भीर चेतावनी है। जिस प्रकार […]

ईश्वरीय सत्ता की अभिव्यक्ति

January 3, 2026 0

डॉ० राघवेन्द्र कुमार राघव– जैव जगत्, प्राणी समूह एवं सकल दृश्य अदृश्य सत्ता के रूप में वह सर्वोच्च सत्ता ही सर्वत्र अभिव्यक्त है। ईश सृजित इस सृष्टि में प्रत्येक प्राणी आदरणीय है और पारिस्थितिक तंत्र […]

Shiva : Beyond the Senses and Elements

July 13, 2025 0

Dr. Raghavendra Kumar Raghav The opening declaration “I am beyond the senses. I am not the five elements. I am consciousness, bliss, I am Shiva.” — strikes at the root of human misidentification. From birth, […]

महाशिवरात्रि से ही ‘सृष्टि’ का आरम्भ हुआ था

February 25, 2025 0

● आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय•••••••••••••••••••••••••••••••••••••• ‘शिव’ का अर्थ कल्याण, शुभ, मंगल इत्यादिक है। शिव की दो काया मानी गयी है :– सूक्ष्म और स्थूल। जिसका प्रकटीकरण स्थूल रूप मे होता है, वह ‘स्थूल काया’ है […]

महाकुम्भ मे धर्मसंसद के आयोजन पर संत और संघटन करेंगे महत्त्वपूर्ण निर्णय

January 25, 2025 0

तमिलनाडु से आए गुरुजी नंदकिशोर तिवारी से वीएचपी अध्यक्ष आलोक कुमार ने की मुलाकात प्रयागराज, 25 जनवरी: महाकुंभ 2025 को लेकर पूरे विश्व में चर्चा हो रही है। इसी बीच योगी सरकार के नेतृत्व में […]

नवरात्र और माँ दुर्गा की अनुपम महिमा

October 8, 2024 0

“अयि गिरिनन्दिनि नन्दितमेदिनि विश्वविनोदिनि नन्द नुते।गिरिवरविन्ध्यशिरोऽधिनिवासिनि विष्णुविलासिनि जिष्णुनुते।।भगवति हे शितिकण्ठकुटुम्बिनि भूरिकुटुम्बिनि भूरिकृते।जय जय हे महिषासुरमर्दिनि रम्यकपर्दिनि शैलसुते॥“ आदरणीय बानी कुमार द्वारा सर्जित और पंडित बीरेंद्र कृष्ण भद्र की आध्यात्मिक वाणी और पंकज कुमार मलिक द्वारा […]

कांवड़ यात्रा

August 10, 2024 0

भगवान शिव के ज्योतिर्लिंग पर गंगाजल चढ़ाने की परंपरा को ‘कांवड़ यात्रा” कहा जाता है। गंगाजल एक पवित्र स्थान से अपने कंधे पर ले जाकर भगवान शिव को सावन की महीने में शिवरात्रि को अर्पित […]

Soulful happiness is not depend on physical tools

July 3, 2024 0

Dr. Raghavendra Kumar Tripathi Raghav– In today’s whirlwind of activity, a relentless pursuit of material happiness has become the reigning champion. We race towards ever-growing bank accounts, coveting the newest gadgets and designer labels. This […]

धनुषभंग के साथ सम्पन्न हुआ श्रीराम और माता जानकी का विवाह

June 12, 2024 0

ग्राम नेवलिया विकास खण्ड सुरसा में शिव कृपा सेवा समिति के तत्वावधान में आयोजित हो रही 7 दिवसीय रामकथा के चौथे दिवस कथाव्यास राधे गोविंदाचार्य महाराज ने वाटिका प्रसंग सुनाते हुए बताया कि ऋषि विश्वामित्र […]

Sanatan can free from the cycle of life and death

February 10, 2024 0

Raghavendra Kumar Tripathi ‘Raghav’– O blessed land of Bharat! you are fortunate, you are chosen for spreading knowledge entire world. This knowledge of the divine light illuminates the entire world. The Supreme Being instructs humanity […]

प्रयाग का विलक्षण आध्यात्मिक वैभव

January 14, 2024 0

● आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय•••••••••••••••••••••••••••••••••••••• “सितासिते तु ये स्नाता माघमासे युधिष्ठिर,न तेषां पुनरावृत्ति: कल्पकोटि शतैरपि।”‘तीर्थराज’ प्रयाग की महत्ता को समझें :―“त्रिवेणी माधवं सामं भरद्वाज च वासुकिम्।वन्दे अक्षयवटं शेषं प्रयागं तीर्थ नायकम्।।” बाबा तुलसी ने प्रयाग […]

श्री रामचरितमानस मे मातृरूप के विविध रूप-दर्शन का विलक्षण वर्णन है– आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय

December 14, 2023 0

मानस-मर्मज्ञ पं० पन्नालाल गुप्त ‘मानस’ की पुण्यस्मृति मे आयोजित आध्यात्मिक परिसंवाद मंगलवार को ‘मानस-मयूख’ एवं ‘श्रीमद्भट्टपीठम्’, प्रयागराज के संयुक्त तत्त्वावधान मे स्वागतम् होटल, प्रयागराज के सभागार मे मानसमर्मज्ञ पं० पन्नालाल गुप्त ‘मानस’ की स्मृत्यंजलि-स्वरूप ‘श्री […]

अयि गिरिनन्दिनि नन्दितमेदिनि विश्वविनोदिनि नन्द नुते : शारदीय नवरात्र के पावन पर्व मे माँ कल्याण करें

October 16, 2023 0

“अयि गिरिनन्दिनि नन्दितमेदिनि विश्वविनोदिनि नन्द नुते।गिरिवरविन्ध्यशिरोऽधिनिवासिनि विष्णुविलासिनि जिष्णुनुते।।भगवति हे शितिकण्ठकुटुम्बिनि भूरिकुटुम्बिनि भूरिकृते।जय जय हे महिषासुरमर्दिनि रम्यकपर्दिनि शैलसुते॥“ आदि शंकराचार्य द्वारा लिखित और पंडित बीरेंद्र कृष्ण भद्र की आध्यात्मिक वाणी में महालया अमावस्या तिथि को मां […]

दो करोड़ की धनराशि से नगर के बाबा कुशीनाथ मंदिर का होगा कायाकल्प, धनराशि हुई स्वीकृत

August 30, 2023 0

हरदोई– नगर पंचायत कछौना पतसेनी में स्थित बाबा कुशीनगर मंदिर का सौंदर्यीकरण हेतु पर्यटन विकास से सदस्य विधान परिषद अशोक अग्रवाल के अथक प्रयास से शासन द्वारा लगभग 2 करोड़ की धनराशि स्वीकृत हो गई। […]

इस्कॉन, लखनऊ मे प्रारम्भ हुआ सुन्दर एवं मनोरम 05 दिवसीय झूलन यात्रा महामहोत्सव

August 27, 2023 0

श्री श्री राधा रमण बिहारी मंदिर (इस्कॉन) सुशांत गोल्फ सिटी, लखनऊ मे इस्कॉन के संस्थापकाचार्य श्रीमद कृष्ण कृपा मूर्ति अभयचरणारविन्द भक्ति वेदांत स्वामी श्रील प्रभुपाद जी के निर्देशानुसार मनाया जाने वाला 05 दिवसीय झूलन यात्रा […]

धार्मिक और आध्यात्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए नेपाल में आयोजन

March 28, 2023 0

नेपाल-इंडिया चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (एनआईसीसीआई) ने नेपाल में भारतीय दूतावास के साथ संयुक्त रूप से भारत और नेपाल के बीच द्विपक्षीय पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए एक कार्यक्रम का आयोजन किया। नेपाल […]