सई नदी की करुण कथा : पौराणिक और ऐतिहासिक नदी मर रही है

अन्तरराष्ट्रीय संघटन ‘टेडएक्स’ मे प्रयागराज की कर्णिकानाथ पाण्डेय की वक्ता के रूप मे सहभागिता

प्रयागराज के लिए गौरव का विषय

टेडएक्स एक अन्तरराष्ट्रीय संघटन है, जिसकी स्थापना न्यूयॉर्क (संयुक्त राज्य अमेरिका) मे की गयी थी। टेडएक्स (T. E. Dx.) अर्थात् टेक्नोलॉजी, एण्टरटेनमेण्ट तथा डिज़ाइन के क्षेत्रों मे जिन व्यक्तियों ने महत्त्वपूर्ण उपलब्धियाँ अर्जित की हैं, उन्हें इस संघटन की ओर से निमन्त्रित किया जाता है, जिससे कि वे अपनी सफलता के विषय मे बताकर इन क्षेत्रों से जुड़े हुए और जुड़नेवाले लोग का सम्यक् मार्गदर्शन करें। ऐसे सफल व्यक्तियों मे से वरीयताक्रम मे चयन कर १० से १५ व्यक्तियों को निमन्त्रित किया जाता है और वे चयनित प्रतिभाएँ २० मिनट मे अपने क्षेत्र से सम्बन्धित जन को जोड़ते हुए, अपनी संघर्षकथा और उपलब्धियों पर विधिवत् प्रकाश डालते हुए, सम्बन्धित जन को प्रेरित करती हैं; उनका उत्साहवर्द्धन करते हुए, मार्गदर्शन करती हैं। इनमे से विश्व के अनेक देशों मे रहकर अपने कर्त्तव्य का प्रभावकारी निर्वहण कर रहे प्रतिष्ठित व्यक्तियों का ‘वक्ता’ (स्पीकर) के रूप मे चयन किया जाता है। इसी क्रम मे ‘सर पद्मपत सिंहानिया एजुकेशन सेण्टर’, मोतीझील, कानपुर मे १६ जुलाई को आयोजित ‘टेडएक्स टाक-शो’ मे बहुमुखी प्रतिभा की धनी, रेडियो जॉकी प्रयागराज की कर्णिकानाथ पाण्डेय को ‘वक्ता’ के रूप मे निमन्त्रित किया गया था, जो समस्त वक्ताओं मे अल्पतम अवस्था की थीं।

रेडियो जॉकी कर्णिका ने लगभग २० मिनट तक अपनी ‘आर० जे०’ के रूप मे पदस्थापित होने से पूर्व की पृष्ठभूमि से लेकर वर्तमान तक का एक शब्दचित्र खींचा था, तदनन्तर उन्होंने कार्ययोजना, क्रियान्वयन्, सफलता-प्राप्ति की विचार-प्रक्रियाओं के साथ उपस्थित जनसमुदाय को जोड़ा था। ज्ञातव्य है कि आर० जे० कर्णिका भाषाविज्ञानी और समीक्षक आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय और अध्यापिका निशा पाण्डेय की कनिष्ठ पुत्री हैं। कर्णिका के दो सीरियल बहुत लोकप्रिय हो चुके हैं– ‘बहुत हुआ सम्मान’ और ‘सब चकाचक है।’ कर्णिका की बड़ी बहन कंजिका भी मेधावी रही हैं। वे बी०एस-सी० मे इलाहाबाद केन्द्रीय विश्वविद्यालय की द्वितीय टॉपर रही हैं। उन्हें सर्जनात्मक लेखन के लिए राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्त हो चुका है और वे भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए मलेशिया मे आयोजित अन्तरराष्ट्रीय कला-संस्कृति समारोह मे सक्रिय सहभागिता कर चुकी हैं।

उल्लेखनीय है कि इस प्रकार के आयोजन मे अब तक बिल क्लिण्टन, अल गोरे, बिल गेट्स, शाहरुख़ ख़ान, जुलियन असांजे, शशि थरूर, पोप फ्रैंसिस, रिचर्ड डॉकिन्स, अनेक नोबेल पुरस्कार-विजेता आदिक अपने विचार व्यक्त कर चुके हैं। अब इसी क्रम मे प्रयागराज की बेटी आर० जे० कर्णिका का ‘एण्टरटेनमेण्ट’ क्षेत्र के वक्ताओं मे नाम जुड़ चुका है, जो हमारे लिए गौरव और गर्व का विषय है।