ऑस्ट्रेलिया के गोल्ड कोस्ट में 21वें राष्ट्रमंडल खेलों का समापन हो गया है। इन खेलों में भारतीय खिलाडि़यों ने अपने शानदार प्रदर्शन से कई उपलब्धियां हासिल कीं। भारत ने इन खेलों में अपना तीसरा सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए कुल 66 पदक जीतने में सफलता पाई।
पिछले ग्यारह दिनों से चल रहे इन खेलों में कई कीर्तिमान टूटे तो कई नए रिकॉर्ड भी बने। रोमांच के कई लम्हों का साक्षी बनने के बाद रंगारंग समारोह में इन खेलों के आधिकारिक समापन की घोषणा की गई। समापन समारोह में भारतीय दल की ध्वजवाहक थीं, महिला मुक्केबाज एम सी मैरीकोम। भारत ने इन खेलों के 26 स्वर्ण, 20 रजत और 20 कांस्य सहित कुल 66 पदक जीतकर ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के बाद तीसरा स्थान हासिल किया। भारत ने इसके साथ ही राष्ट्रमंडल खेलों के इतिहास में 500 पदक भी पूरे कर लिये और यह उपलब्धि हासिल करने वाला वह पांचवां देश बन गया। आज अंतिम दिन सायना नेहवाल ने पी वी सिन्धू को हराकर बैडमिंटन के महिला सिंगल्स का स्वर्ण पदक अपने नाम किया।
पुरूष सिंगल्स में किदाम्बी श्रीकांत को रजत पदक से ही संतोष करना पड़ा। फाइनल में मलेशिया की ली चोंग वेई ने श्रीकांत को मात दी। टेबल टेनिस में मणिका बत्रा और जी सथियन ने मिक्स्ड डबल्स में कांस्य पदक जीता। अचंत शरत कमल को पुरूष सिंगल्स में तीसरा स्थान हासिल हुआ। स्क्वाश में जोशना चिनप्पा और दीपिका पल्लिकल की जोड़ी दूसरे स्थान पर रही। अगले राष्ट्रमण्डल खेल 2022 में बर्मिघम में आयोजित किये जाएंगे।