श्री रामचरितमानस जाति, वर्ग, सम्प्रदाय से ऊपर उठकर मानवता का पोषण करता है– डॉ० नीलम जैन

August 11, 2024 0

‘सर्जनपीठ’, प्रयागराज के तत्त्वावधान मे ‘सारस्वत सदन’, प्रयागराज मे १० अगस्त को ‘श्री रामचरितमानस की सार्वकालिक प्रासंगिकता’ विषय पर एक अन्तरराष्ट्रीय आन्तर्जालिक बौद्धिक परिसंवाद का आयोजन किया गया, जिसमे देश-विदेश के चिन्तकोँ-विचारकोँ की सहभागिता रही। […]