एक करोड़ की नकली शराब की फैक्ट्री का भंडाफोड़, सात लोग अरेस्ट, 6 मौके से फरार, एक बाइक बरामद

स्वाट टीम व देहात पुलिस को मिली सफलता, टीम को 25 हजार का आईजी रेंज व 25 हजार का एसपी ने दिया ईनाम

               एक बन्द पड़ी फैक्ट्री से जिले की स्वाट व देहात कोतवाली पुलिस टीम की संयुक्त छापेमारी से कोतवाली देहात के ओमपुरी में नकली शराब फैक्ट्री का पर्दाफाश हुआ है। मौके से बड़ी मात्रा में रेक्टिफाइड स्प्रिट, मोनोग्राम, रैपर, मिश्रित शराब व पैकेजिंग मशीन की बरामदगी के साथ सात आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। हालांकि सरगना समेत 6 आरोपी फरार हो गए। बरामद माल की कीमत एक करोड़ रुपये बतायी जा रही है। बरामद शराब की लखनऊ उन्नाव फर्रुखाबाद व हरदोई में सप्लाई होती थी। इस बड़ी कामयाबी पर टीम को 25 हजार का आईजी रेंज व 25 हजार का एसपी ने ईनाम दिया है।
              मामला हरदोई के कोतवाली देहात इलाके के ओमपुरी का है।एसपी विपिन कुमार मिश्र ने बताया कि पुलिस को जानकारी लगी कि यहां एक बन्द पड़ी फैक्ट्री में अवैध शराब के निर्माण का काला कारोबार फल फूल रहा है।इस सूचना पर एसपी विपिन कुमार मिश्र ने स्वाट टीम प्रभारी अरुणेश गुप्ता व कोतवाली देहात के वरिष्ठ उप निरीक्षक ब्रजेश सिंह को पुलिस टीम के साथ लगाया।टीम ने बताये गए स्थान पर स्थित अवैध शराब फैक्ट्री पर छापा मारा।पुलिस महकमे ने घेराबंदी कर मौके से 7 लोगों को गिरफ़्तार कर लिया।यहां से रेक्टिफाइड स्प्रिट, ढक्कन, खाली शीशी, निर्मित शराब, रैपर, पैकेजिंग मशीन व एक बाइक बरामद हुई है। इस फैक्ट्री का संचालक फरार होने में कामयाब हो गया।
             पुलिस ने इनके पास से विभिन्न कंपनियों के करीब 70 हजार ढक्कन,इथाइल एल्कोहल ड्रम, शराब कंपनियों के 2 लाख स्टिकर शराब को रंगने वाला कैमिकल आदि सामान बरामद किया है। पकड़े गए लोगों ने अपने नाम वीरेंद्र कुमार पुत्र पुत्तीलाल,राजू पुत्र श्रीराम सोहनलाल पुत्र सत्तू दिनेश कुमार पुत्र शंकर निवासी नयापुरवा शिवगढ़ रायबरेली व अनूप पुत्र ब्रजमोहन निवासी फदनापुर लोनार संतोष पुत्र श्यामसुंदर निवासी मझिगवा हरियांवा व राकेश पुत्र सुंदरलाल निवासी विकासनगर कोतवाली देहात हरदोई बताये। जबकि सरगना समेत 6 फरार होने में सफल हो गए।पकड़े गए लोगों ने बताया कि उन्हें यह कहकर लाया गया था कि शराब की सरकारी फैक्ट्री में काम करना है। यह शराब जनपद के विभिन्न सरकारी ठेकों के साथ साथ आसपास के लखनऊ उन्नाव फर्रुखाबाद व हरदोई में सप्लाई होती थी।इस बड़ी कामयाबी पर टीम को 25 हजार का आईजी रेंज व 25 हजार का एसपी ने ईनाम दिया है।