डीबीटी फीडिंग के विरोध में जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ ने उच्चाधिकारी को सौंपा ज्ञापन

कछौना, हरदोई। छात्रों के अभिभावकों के खाते में धन भेजने को लेकर जारी डीबीटी एप पर विवरण फिडिंग का उत्तर प्रदेश जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ कछौना ने विरोध जताया।

शुक्रवार को ब्लॉक संसाधन केंद्र कछौना पर जुटे अध्यक्ष रामनरेश त्रिपाठी सहित शिक्षकों ने महानिदेशक स्कूल शिक्षा उत्तर प्रदेश निशांतगंज लखनऊ संबंधित पत्र दिया। उन्होंने डीबीटी एप पर शिक्षकों से फिडिंग कराए जाने का विरोध करते हुए कंप्यूटर ऑपरेटरों से कार्य कराने की मांग की है। शिक्षकों ने महानिदेशक को संबोधित ज्ञापन उच्च शिक्षा अधिकारी को सौंपा। पूर्व माध्यमिक जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ के ब्लॉक अध्यक्ष रामनरेश त्रिपाठी ने कहा कि परिषदीय स्कूलों में तैनात शिक्षकों पर गैर शैक्षणिक कार्य का बोझ डाला जा रहा है। जिससे शिक्षक शिक्षण कार्य छोड़ तनाव में फिडिंग सहित कई अतिरिक्त कार्य कर रहे हैं। जबकि 20% शिक्षकों के पास एंड्रॉयड मोबाइल उपलब्ध नहीं है। विभाग द्वारा विभागीय कार्य हेतु कोई भी संसाधन शिक्षकों को नहीं दिया गया है। सूचना, बीएलओ आदि कार्य पहले से ही कर रहें है।

वर्तमान में प्रदेश सरकार की ओर से छात्रों के अभिभावकों के खाते में जूता, मोजा, यूनिफॉर्म आदि की धनराशि भेजे जाने के लिए डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर एप लागू किया गया है। जिसमें छात्रों से संबंधित समस्त विवरण भरने के लिए शिक्षकों पर दबाव बनाया जा रहा है। जबकि विभाग में फिडिंग कार्य के लिए बीआरसी पर कम्प्यूटर रूप में दस संविदा कर्मी व दो कंप्यूटर ऑपरेटर तैनात है। बिना वजह शिक्षकों का मानसिक उत्पीड़न किया जा रहा है। विभाग द्वारा शिक्षकों के बच्चों और परिवार के अधिकार वाले वेतन से सरकारी कार्य कराने के लिए बाध्य किया जा रहा है। लिपिकीय दायित्व शिक्षकों से कराया जा रहा है। डाटा फीडिंग जैसे कार्य में शिक्षकों को लगाया जाना अनिवार्य शिक्षा अधिनियम 2011 के नियम सात का उल्लंघन है। बच्चों की जन्म तिथि व नाम विद्यालय के रिकॉर्ड में दर्ज उनके के आधार में भिन्न भिन्न है। ऐसी दशा में फीडिंग कर पाना संभव नहीं है। अभिभावकों के नाम उनके आधार में कुछ और दर्ज हैं जबकि नामांकित बच्चों के आधार में भिन्न है। ऐसी दशा में अभिभावकों का आधार लिंक करना सम्भव नहीं है। शिक्षकों को मिलने वाले वेतन पर उसके परिवार और बच्चों का अधिकार है, जिसे सरकारी कार्य पर बाध्य करके उनके अधिकारों का हनन किया जा रहा है, जो न्याय संगत नहीं है। डीबीटी एप पर शिक्षकों से फिडिंग कार्य बंद नहीं हुआ तो सड़क पर उतर कर आंदोलन करने को बाध्य होंगे।

इस अवसर पर जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ कछौना के अध्यक्ष रामनरेश त्रिपाठी, कोषाध्यक्ष मनोज कुमार सिंह, महामंत्री अमित कुमार सहित सैकड़ों शिक्षक मौजूद रहे।

रिपोर्ट – पी०डी० गुप्ता