अमर प्रेम का गीत
आरती जायसवाल (साहित्यकार, समीक्षक) : कृष्ण-कृष्ण ,करते-करते कितने भवसागर पार हुए।धर्म की रक्षा करने कोप्रभु के सारे ‘अवतार’ हुए।जब-जब धरती पर बढ़ादुष्टों का पापाचार,तब-तब मानव बनके आये प्रभु करने संहार।अमर प्रेम का गीत है,राधेकृष्ण का […]