स्ट्रांग रूम में रखी मतपेटिकाओं की सरकारी सुरक्षा पर नहीं भरोसा, नेता खुद कर रहे निगरानी

हरदोई– राजनीतिक दलों के उम्मीदवार व निर्दलीय उम्मीदवारों को प्रशासनिक सुरक्षा व्यवस्था पर पूरी तरह भरोसा नहीं है। यही वजह है कि वे अपने स्तर से भी स्ट्रांग रूम में रखी मतपेटिकाओं की निगरानी करा रहे हैं। जिले में मल्लावां, बिलग्राम, साण्डी, पाली, पिहानी, गोपामऊ, माधौगंज, शाहाबाद समेत कई नगर पालिका व नगर पंचायतों में नजदीकी मुकाबला होने की चर्चा है। 

राजनीतिक दलों के साथ ही कई निर्दलीय उम्मीदवारों को भी अपनी जीत का भरोसा है। हालांकि चुनाव प्रचार के दौरा जिस तरह उन्हें दिक्कतों का सामना करना पड़ा उससे वे सतर्क हैं। मतपेटियों के अंदर कैद भाग्य का फैसला बदलने न पाए, इस आशंका में अपने स्तर से भी सुरक्षा के लिए पसीना बहा रहे हैं। इसके लिए उन्होंने फुल प्रूफ प्लान तैयार किया है। जहां स्ट्रांग रूम बनाया गया है वहां समय समय पर प्रत्याशियों के परिजन, पार्टी कार्यकर्ता व समर्थक बारी-बारी से आ जा रहे हैं। आसपास के प्रतिष्ठानों पर लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज भी देख रहे हैं। विरोधी प्रत्याशियों व उनके समर्थकों के साथ ही सुरक्षा में तैनात कर्मियों व अधिकारियों की आवाजाही पर भी निगाहें गड़ाए हैं। 

सांडी के एक प्रत्याशी ने बताया कि कई अफसरों का रवैया भेदभाव पूर्ण है। चुनावी निष्पक्षता का दावा खोखला है। वे मतपेटी बदलकर या उसमें मतपत्र अलग से डालकर खेल कर सकते हैं। इसलिए निगेहबानी करा रहे हैं। 

मल्लावां के एक प्रत्याशी ने बताया कि कुछ अधिकारी दबाव में काम कर रहे हैं। उनकी निष्ठा पर इसीलिए संदेह है। उन्हें आशंका है कि स्ट्रांग रूम में भी सेटिंग गेटिंग का कुत्सित प्रयास हो सकता है। ऐसे नापाक इरादों को कामयाब न होने देने के लिए समर्थकों के जरिए निगरानी करा रहे हैं।