जिलाधिकारी पुलकित खरे ने समस्त विभागाध्यक्षों को अवगत कराया है कि विभिन्न संगठनों, वर्गो, राजनैतिक दलों, नागरिकों एवं कर्मचारी संगठनों द्वारा अपनी मांगों की ओर ध्यान आकृष्ट करने के लिए समय-समय पर तहसील एवं जनपद मुख्यालयों एवं राजकीय राजधानी लखनऊ में धरना प्रदर्शन, जुलूस एवं रैलियों आदि का आयोजन किया जाता है और इसमें कई बार तो जिला प्रशासन से अनुमति प्राप्त की जाती है परन्तु कई बार तो बिना अनुमति के ही धरना प्रर्दशन आयोजित किये जाते हैं जिससे जन जीवन अस्त-व्यस्त हो जाता है।
उन्होने अधिकारियों से कहा है कि इनमें से कर्मचारी संगठनों द्वारा अपनी मांगों को लेकर किये जा रहे धरना प्रर्दशन ऐसे होते है जिन्हें विभिन्न विभागों के स्तर पर कर्मचारी संगठनों के साथ नियमित संवाद स्थापित करते हुए उनकी मांगों, समस्याओं, कठिनाईयों आदि का सामयिक समाधान करायें। जिलाधिकारी ने समस्त अधिकारियों को निर्देश दिये है अपने विभाग के कर्मचारी संगठनों अवगत करा दें कि किसी प्रकार का धरना प्रर्दशन करने से पहले जिलाधिकारी की अनुमति लेना अनिवार्य है तथा धरना प्रर्दशन निर्धारित स्थल पर ही किया जायेगा। श्री खरे ने कहा कि कर्मचारी संगठनों को यह भी अवगत करा दिया जाये कि धरना प्रर्दशन के दौरान मुख्य मार्ग एवं हाईवे पर यातायात बाधित नही किया जायेगा अन्यथा उनके विरूद्व विधिक कार्यवाही की जायेगी।