सरकार, पेट्रोलियम पदार्थों को जी एस टी के दायरे में लाने के पक्ष में है और इस बारे में राज्यों से सहमति मिलने की प्रतीक्षा कर रही है। वित्त मंत्री अरुण जेटली ने राज्यसभा में एक प्रश्न के उत्तर में बताया कि सरकार ने इन उत्पादों पर पहले ही उत्पाद शुल्क घटा दिया है और राज्य सरकारों से भी इन पर राज्य कर कम करने को कहा है।