आकाशलोक से सम्मोहक मेघदर्शन/मेघ-दर्शन
एक शब्दचित्र ● आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय•••••••••••••••••••••••••••••••••••••• आकाशगामी वायुयान से आकाश-दर्शन मन-प्राण (‘प्राणों’ अशुद्ध है।) को आह्लादित कर देता है; मेघ का रूप-परिवर्तन होते रहने से मन-मस्तिष्क मे एक अद्भुत विचार-शृंखला कौँधने लगती है; विचार-प्रक्रिया […]