कल हमारा देश कहाँ था और ‘आज’ कहाँ है?
आत्मचिन्तन ● आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय आज़ादी के बाद से पिछले नौ वर्षों में जिस नीति के अन्तर्गत वर्तमान सरकार ने प्रत्येक स्तर पर प्रत्येक क्षेत्र मे जिस तरह से खोखला कर आत्म-समृद्धि कर ली […]
आत्मचिन्तन ● आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय आज़ादी के बाद से पिछले नौ वर्षों में जिस नीति के अन्तर्गत वर्तमान सरकार ने प्रत्येक स्तर पर प्रत्येक क्षेत्र मे जिस तरह से खोखला कर आत्म-समृद्धि कर ली […]
डॉ० पृथ्वीनाथ पाण्डेय– देश की जनता को ‘हिन्दू-हिन्दुत्व’ और ‘मुसलमान-मुसलमानत्व’ का खेल मत दिखाइए; पहले स्वयं एक ‘मनुष्य’ बनिए, फिर अपने-अपने तरीक़े से भारत राष्ट्र को सुधारने का दावा कीजिए। यदि राष्ट्रहित में कुछ करने […]