अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद बालामऊ इकाई द्वारा 9 जुलाई अभाविप के 72 वें स्थापना दिवस पर परिषद कार्यालय पर स्वामी विवेकानंद एवं सरस्वती माता के चित्र पर माल्यार्पण कर कार्यक्रम किया।
कार्यक्रम में नगर अध्यक्ष दिनेश विश्वकर्मा जी ने बताया की एबीवीपी की स्थापना आजादी के तुरन्त बाद 1948 में हुई, उसके बाद 1949 में संगठन का पंजीकरण कराया गया । अभाविप अपने स्थापना काल से ही छात्र हितों की लड़ाई लड़ता आ रहा है। जिला मीडिया प्रमुख शुभम शुक्ला भगत ने बताया कि अभाविप वर्तमान में दुनिया का सबसे बड़ा छात्र संगठन है, यह संगठन देश के सभी विश्ववद्यालयों, महाविद्यालयो एवं नगरो तक अपनी इकाई बनाए हुए है, एबीवीपी राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का एक आनुषांगिक संगठन है, छात्र हितों के साथ सामाजिक कार्यों में भी विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता सक्रिय भूमिका निभाते हैं। नगर मंत्री सुंदरम मिश्रा ने बताया कि 71 वर्ष पूर्व युवाओं को राष्ट्रवादी विचारधारा से जोड़ने के लिए जो सपना देखा गया था वो आज विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता पूर्ण कर रहे हैं, राष्ट्र के पुनर्निर्माण के लिए लाखो कार्यकर्ता सक्रिय भूमिका निभा रहा है, वर्तमान में विद्यार्थी परिषद के तीस लाख सदस्य हैं। विद्यार्थी परिषद अपना स्थापना दिवस राष्ट्रीय विद्यार्थी दिवस के रूप में मनाती है। इस दौरान पूर्व प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य शिवम त्रिपाठी, नगर अध्यक्ष दिनेश विश्वकर्मा, जिला ई-एबीवीपी प्रमुख शुभम शुक्ला भगत, नगर मंत्री सुंदरम मिश्रा, तहसील मीडिया प्रमुख धीरज गुप्ता, नगर सह मंत्री श्यामजी मिश्रा सहित आदि कार्यकर्ता मौजूद रहे। वहीं दूसरी ओर महावीर महाविद्यालय कामीपुर में एबीवीपी के तहसील खेल प्रमुख निशीष गुप्ता के द्वारा स्वामी विवेकानंद जी के चित्र पर माल्यार्पण किया गया इस दौरान शिक्षक गण उपस्थित रहे।