तेलंगाना-चुनाव के चलते क्षरित दिखता राजनीतिक चरित्र?

तेलंगाना मे मुख्यमन्त्री के० चन्द्रशेखर राव की बेटी ‘कल्वाकुन्तला कविता’ दिल्ली-शराबकाण्ड मे मुख्य आरोपित है; मगर उसे अब भी बचाकर रखा गया है, जबकि आम आदमी पार्टी के सत्येन्द्र जैन, मनीष सिसोदिया, संजय सिंह आदिक को सरकारी ई० डी० और सी० बी० आइ० का दुरुपयोग करते हुए, जेल मे डलवा दिया गया है।

इससे ज़ाहिर हो जाता है कि सत्ताधारी दल और भारतीय जनता पार्टी की सरकार तेलंगाना-चुनाव के कारण कथित मुख्यमन्त्री की बेटी ‘कविता’ पर अभी हाथ डालने से डर रही है। उसे मालूम है कि तेलंगाना मे ‘डबल इंजन’ की सरकार बनाने मे यदि कोई दल उससे हाथ मिला सकता है तो वह है, ‘बी० आर० एस०’। हम इससे भी इंकार नहीं कर सकते कि बी० आर० एस० और भा० ज० पा० के बीच सौदेबाज़ी की जा चुकी है।

यहाँ यह भी उल्लेखनीय है कि बी० आर० एस० न तो ‘एन० डी० ए०’ का घटक दल है और न ही ‘इण्डिया’ का।
(इस पर शीघ्र एक विस्तृत लेख प्रकाशित-प्रसारित होगा।)

◆ चित्र-विवरण :– कविता : बकरी की अम्मा कब तक खैर मनायेगी?