सम्राट पृथ्वीराज चौहान-जयंती मनाकर विरासत संरक्षण की ली गयी शपथ

आज वीर सम्राट पृथ्वीराज चौहान की 856 वी जयंती कार्यक्रम का आयोजन किया‌ गया। सर्वप्रथम बून्दी शहर के बालचंद्रपाडा स्थित अखाड़ा श्री गणेश व्यायामशाला में “संस्कृति संरक्षण अभियान” का श्रीगणेश कर सम्राट पृथ्वीराज के छायाचित्र पर माल्यार्पण कर सम्राट के जीवन परिचय पर मुकेश माधवानी एवं अरिहंत सिंह चरड़ास के द्वारा प्रकाश डाला गया।

अखाड़े के उत्कर्ष सिंह ने संस्कृति संरक्षण अभियान को समझाते हुए बताया कि “हमे अपना जन्मदिवस, तिथि के अनुसार ही मनाना चाहिए और विशेष रुप से महापुरुषों की जयंतियाँ हमे हिन्दू पद्धति की तिथि अनुसार ही मनानी चाहिए।” अंगरेजी कैलेण्डर दासता का प्रतीक हैं।

इसके उपरांत गणेश व्यायामशाला से सुरज छतरी तक बालक-बालिकाओं एवं उपस्थित जनसमूह के द्वारा पथ संचलन कर “संस्कृति संरक्षण अभियान एवं विरासत बचाओ अभियान” का संदेश दिया गया।

जैसा कि ज्ञात हैं कुछ दिन पूर्व सूरज छतरी पर ‌स्थापित सूर्य नारायण की प्रतिमा को असामाजिक तत्वों द्वारा खण्डित कर दिया गया था, इसी कारण उपस्थित जनसमूह एवं बालक-बालिकाओं द्वारा सूर्यनारायण भगवान की मूर्ती का विशेष अभिषेक कर पूजा-अर्चना की गरी एवं हनुमान चालीसा का पाठ किया गया।

पूजा-अर्चना के पश्चात सेव ऑवर हेरिटेज फाउंडेशन के‌ संचालक अरिहंत सिंह चरड़ास द्वारा उपस्थित बालक-बालिकाओं एवं जनसमूह को विरासत संरक्षण की शपथ दिलाई गई।

इस कार्यक्रम में गणेश व्यायामशाला एवं सेव ऑवर हैरिटेज फाउंडेशन के मुकेश माधवानी, अरिहंत सिंह चरड़ास, प्रद्युम्न शर्मा, कर्तव्य सोनी, सोनू, राघवेंद्र सिंह, देवेंद्र सिंह, उत्कर्ष सिंह, टीकम शर्मा, तेजस्वी, अतुल, गजेंद्र सिंह, दिपेश गुर्जर इत्यादि उपस्थित रहे।