जिला चिकित्सालय परिसर में निर्माणाधीन ओपीडी भवन का जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह ने सघन निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान निर्माण की धीमी प्रगति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी ने उ०प्र० राजकीय निर्माण इकाई के जीएम बीएन त्रिपाठी को निर्देश दिये कि ओपीडी भवननिर्माण का कार्य मानक के अनुसार गुणवत्तापरक ढंग से निर्धारित समय में पूर्ण करायें। उन्होंने कहा कि निर्माण में सीमेंट, मौरंग, सरिया आदि सामग्री का निर्धारित मात्रा में मिश्रण कर प्रयोग किया जाये और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही न करें। उन्होंने कहा कि निर्माण में गुणवत्ता खराब पाये जाने पर संबंधित अधिकारी एवं ठीकेदार पर कड़ी कार्यवाही की जायेगी। इसके बाद जिलाधिकारी ने जिला चिकित्सालय में ट्रांसफारमर के पास तथा फैली गंदगी एवं नल से बह रहे पानी के संबंध में सीएमएस पुरूष को निर्देश दिये कि उक्त गंदगी की तत्काल प्रभाव से सफाई कराये और बेवजह बह रहे पानी की रोक लिए नल की टोटिंया बदलवायें। जिला महिला चिकित्सालय के निरीक्षण के दौरान परिसर में इधर-उधर खड़े वाहनों के सम्बन्ध में नाराजगी व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी ने सीएमएस महिला विनीता चर्तुवेदी को निर्देश दिये कि चार पाहिया एवं दो पहिया वाहनों को निर्धारित स्थानों पर खड़ा करायें और न मानने वाले एवं अस्पताल परिसर के अन्दर पान-पुड़िया थूकने एवं गंदगी करने वालों पर पांच सौ रूपया का जुर्माना लगायें। जिलाधिकारी ने महिलाचिकित्सालय में ओपीडी, दवा वितरण आदि काउंटरों का निरीक्षण किया तथा दवावितरण काउण्टर पर दवावितरण कर्मचारी को निर्देश दिये कि डाक्टरों द्वारा मरीजों को लिखी दवायें देते समय जो दवायें न हो उन्हें रजिस्टर पर अंकित करें। उन्होंने सीएमएस को निर्देश दिये अस्पताल में विशेष सफाई व्यवस्था बनायें रखें ताकि लोग को स्वच्छ वातावरण मिलें।