माँ के चरणों की धूल सदा हमको चारों धाम लगे
राघवेन्द्र कुमार राघव– दुनिया के हर रिश्ते में तोस्वार्थ कहीं छिप जाता है।अपनेपन का हर एक दावाप्रतिकूल समय पर ढह जाता है। औलादों के अत्याचारों कोचुपचाप सहन कर जाती माँ।रोती है कोने में लेकिनमुख पर […]
राघवेन्द्र कुमार राघव– दुनिया के हर रिश्ते में तोस्वार्थ कहीं छिप जाता है।अपनेपन का हर एक दावाप्रतिकूल समय पर ढह जाता है। औलादों के अत्याचारों कोचुपचाप सहन कर जाती माँ।रोती है कोने में लेकिनमुख पर […]
आज से करीब 35 वर्ष पहले सबसे छोटे चाचा की शादी के लिए के लिए एक बेहद धार्मिक व्यक्ति आये थे। हालांकि किन्हीं कारणों से वह संबंध तो नहीं हो पाया लेकिन उनके द्वारा दिये […]
पापा रोज शाम को कहते- “मेरी पार्टी वाले लोग मेरे पास आ आओ। अम्मा की पार्टी वाले, अम्मा की तरफ जाओ। “इतना सुनते ही मैं पापा की तरफ भागता और बड़े भैया अम्मा की तरफ। […]
आज मातृ-दिवस है। यूनिसेफ ने इस उपलक्ष्य में सुरक्षित शिशु-सुरक्षित मातृत्व विषय पर नई दिल्ली में एक परिचर्चा का आयोजन किया जिसमें यूनिसेफ की सद्भावना दूत अभिनेत्री करीना कपूर खान के अलावा कई डॉक्टरों और […]