लापरवाह 113 आशाओं को दिखाया जा सकता है बाहर का रास्ता

बदायूँ: जिलाधिकारी कुमार प्रशान्त ने अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व नरेन्द्र बहादुर सिंह के साथ सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र का निरीक्षण किया। उन्होंने लैब में पीएफ एवं पीवी की टेस्टिंग का भी निरीक्षण किया। उन्होंने निर्देश दिए कि जांच करने में तेजी लाएं एवं साफ-सफाई पर विशेष ध्यान दिया जाए।

मलेरिया से बचाव के सम्बंध में किए जा रहे कार्य के सम्बंध में समीक्षा करते हुए उन्होंने पाया कि 113 आशाएं कार्य में रूचि न लेकर लापरवाही कर रही हैं। डीएम ने नाराजगी व्यक्त करते हुए निर्देश दिए कि कार्य में लापरवाही करने वाली इन आशाओं पर कठोर कार्यवाही कर बाहर का रास्ता दिखाया जाए। एमओआईसी जितेन्द्र सिंह समय-समय पर आशाओं की बैठक कर समीक्षा बैठक करें। निरीक्षण में पाया कि डाॅ0 शोभा शर्मा एक जून से अनुपस्थित हैं और डाॅ0 दम्यंती वर्मा भी मौके पर अनुपस्थित मिली। डीएम ने दोनों चिकित्सकों का वेतन रोकने की कार्यवाही करते हुए स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने निर्देश दिए कि आशा मलेरिया से संक्रमित मरीजों को अपने सामने दवाएं खिलाएं, जिन लोगों को पिछले वर्ष मलेरिया हुआ था उनका शतप्रतिशत सैम्पल लिया जाए।

तत्पश्चात आला अधिकारियों ने जगत अन्तर्गत ग्राम कमालपुर में मलेरिया जांच कैम्प का भी निरीक्षण किया। उन्होंने स्वास्थ्यकर्मियों से जानकारी ली कि आरडीटी किट से कैसे जांच की जाती है, डीएम ने उनके उत्तर पर संतोष व्यक्त किया। उन्हांेने निर्देश दिए कि जांच करने की गति को तेज करें, फिजीकल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए पूरे गांव में भ्रमण करते हुए जांच की जाए। गांव में एंटीलारवा का छिड़काव एवं फाॅगिंग कराई जाए तथा तालाबों में गम्बूसिया मछली छोड़ी जाए। इस अवसर पर मुख्य चिकित्साधिकारी डाॅ0 यशपाल सिंह एवं एक्ट्रा मजिस्ट्रेट महिपाल सिंह आदि मौजूद रहे।