गाज़ियाबाद घटना की उच्चस्तरीय जाँच कराने व दोषियों को सजा दिलाने जाने सम्बंधित ज्ञापन आप कार्यकर्त्ताओं ने सौंपा

कौशांबी। गाज़ियाबाद के मुरादनगर में घटित शमशान घाट कांड से पूरा प्रदेश आक्रोश में है, इस कांड में लिंटेल गिर जाने से अंतिम संस्कार के लिए इकट्ठे हुए 25 लोगों की दर्दनाक मौत हो गयी, और तमाम लोग गंभीर रूप से घायल हो गए । ढांचे को बनाने वाले ठेकेदार ने कैमरे पर कबूल किया कि उसने इस निर्माण के लिए 30% तक रिश्वत ख़िलाई है। घटिया निर्माण में तमाम रिश्वतखोर सरकारी अधिकारी शामिल हैं और सभी का कहना है कि ऐसे कमीशन का हिस्सा शीर्ष स्तर तक जाता है ।

भ्रष्टाचार इस प्रदेश में कोई नई बात नहीं है, वैश्विक महामारी कोरोना तक मे सरकार ने ऑक्सिमीटर की खरीद में भारी घोटाला कर के आपदा में अवसर का सटीक उदाहरण प्रस्तुत किया था, लेकिन शायद विश्व मे पहली बार ऐसा हुआ होगा कि शमशान में जीवित गए शोकसंतप्त लोगों की अर्थियां उनके घरों की तरफ गईं । भ्रष्टाचार ने आज श्मशान में दलाली तक को नहीं बख्शा । इस प्रदेश में कभी तमाम नवजात ऑक्सीजन के बिना मर जाते हैं। क्यों कि सप्लाई में कमीशन का खेल होता है। कभी कोरोना घोटाले से, कभी पुल गिर जाने से कभी सड़कों के गड्ढों में और अब श्मशान तक की छत गिर जाने से आम आदमी पार्टी इस घटना से बेहद आहत और आक्रोशित है।

1- इस प्रकरण की सीबीआई जांच चाहती है जो हाई कोर्ट द्वारा निगरानी में की जाए ।

2- पार्टी की यह भी मांग है कि इस प्रकरण में ऊपर से नीचे तक जो भी लोग दोषी मिलें, उन पर तत्काल हत्या का मुकदमा कायम करके उन्हें गिरफ्तार किया जाए ।

3-हादसे में मारे गए हर व्यक्ति के परिवार को एक एक करोड़ का मुआवजा दिया जाए और घायलों में मुफ्त इलाज के साथ 10-10 लाख रु का मुआवजा दिया जाए।

घटना की लीपापोती करने के कोई भी प्रयास सामने आने पर पार्टी पूरे प्रदेश में आंदोलन करने को बाध्य होगी।