तिरस्कार के बाद सड़क पर धरना देने को विवश हैं गायें

गायों और बैलों के झुण्ड मोदी-योगी की फ़ौज : किसान

हरदोई- जानवरों की भाषा यदि कोई समझ सकता तो कोतवाली देहात क्षेत्र के नेशनल हाईवे के गांव स्थित चाराहगाह एवं पशु आश्रय के सामने बैठे इस गायों की वेदना समझ सकता। यह सब गाय आजकल नेशनल हाईवे पर धरना दे रहीं है। कारण इनको पकड़कर जिस चारागाह में रखा गया था वह लापरवाही के कारण पानी से लबालब है । ऐसे में यह जानवर भूखे प्यासे सड़क पर रहने को मजबूर हैं।
बताते चलें कि कुछ माह पूर्व पूरे जिले में कई चाराहगाह एवं पशु आश्रय बनाये गए थे। इन चारागाहों में गाय आदि जानवरों के रहने,खाने पीने व दवाई आदि का प्रबंध का दावा किया गया था। प्रत्येक चारागाह कई बीघा जमीन में स्थापित किया गया था। इन चारागाहों में छुट्टा जानवरों को पकड़कर जिसमे गायों की संख्या अधिक थीं उनको रक्खा गया। लेकिन बारिश शुरू होते ही  इन चारागाहों में लबालब पानी भर गया।यह जो फोटो लखनऊ रोड स्थित चारागाह की है और दूसरी ओर नेशनल हाईवे पर बैठी गाय जो मानों अपनी बेकद्री पर धरना दे रहीं है।

किसान भी परेशान


आवारा गायों और साड़ों से किसान भी अत्यधिक परेशान दीख रहा है । ब्लेड वाले तार पर प्रतिबन्ध के वावजूद भी किसान खेतों में हरीले तार की बाड़ लगा रहे हैं । एक-एक खेत में दर्जनों गोवंश देखकर सहज अंदाजा लगाया जा सकता है कि किसान किस हद तक परेशान है । अब तो किसान इन गायों और बैलों के झुण्डों को मोदी-योगी की फ़ौज कहने लगा है ।

कई दिन से हैं भूखे जानवर


पास के कंडौहना गांव निवासी दिलीप व सड़क पर खोखे में दुकान चला रहे रमेश ने बताया कि चारागाह के सभी जानवर कई दिनों से भूखे है, बरसात के कारण घास तक उनको नसीब नहीं हो रही है बस पानी पीकर या बामुश्किल यदि कहीं घास मिल जाती है उसे खाकर ही जीवित है कई जानवर काफी दुर्बल भी हो गए हैं।


रोज हो रहीं दुर्घटनाएं


सड़क पर गायों के बैठे होने से आये दिन दुर्घटनाएं भी हो रहीं है ग्रामीणों का कहना है कि रोज कोई न कोई हादसा इनकी वजह से होता है। ग्रामीण अनिल ने बताया कि दुर्घटना में कई लोग बुरी तरह घायल हो चुके है वहीं कई गायों को भी चोट आयीं है लेकिन उनका इलाज नहीं हो पा रहा है।


बोले जिम्मेदार


भारी बारिश के चलते चारागाह में पानी भर गया है इसलिए जानवर बाहर निकल आये होंगे जल्द ही व्यवस्था सही कराई जाएगी।