आज संसद के शीतकालीन सत्र की हंगामेदार शुरूआत हुई। हंगामे के कारण चार बार राज्यसभा की कार्यवाही रोकने के बाद आखिर इसे दिन भर के लिए स्थगित करना पड़ा । वहीं लोकसभा की कार्यवाही सत्रावसान की अवधि के दौरान दिवंगत हुए कुछ वर्तमान और पूर्व सदस्यों को श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद कल तक के लिए स्थगित कर दी गई।
जनता दल यूनाइटेड के दो बागी सदस्यों की सदस्यता समाप्त करने सहित अन्य मुद्दों पर विपक्षी दलों के हंगामे के दौरान राज्यसभा की कार्यवाही ढाई बजे तक के लिए स्थगित करनी पड़ी। विपक्ष के नेता गुलाम नबी आजाद और समाजवादी पार्टी के नरेश अग्रवाल ने जनता दल युनाइटेड के बागी सांसदों शरद यादव और अली अनवर की राज्यसभा सदस्यता खत्म किए जाने का मामला उठाया। सभापति ने इस मामले पर किसी तरह की चर्चा से इंकार किया। राज्यसभा के इस हंगामेदार शुरूआत से ऐसा लग रहा है कि सत्र के दौरान विपक्ष इन मुद्दों के अलावा अन्य विषयों पर सरकार को घेरने का कोई मौका नहीं छोड़ेगा, वहीं दूसरी ओर आज एन.डी.ए. घटक दलों की बैठक में भी विपक्ष के दबाव में न आने और हर मुद्दे पर जवाब देने की रणनीति बनाई गई।