श्री सुरेश राणा ने कहा कि गन्ना किसानों की समस्याओं के निराकरण के लिए सरकार पूरी तरह संवेदनशील है। गन्ने की अवैध खरीद पर प्रभावी नियंत्रण के लिए संवेदनशील क्षेत्रों के नियमित निरीक्षण, गन्ना माफियाओं के चिन्हांकन एवं माफियाओं के विरूद्ध राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम एवं आवश्यक वस्तु अधिनियम के अन्तर्गत कार्यवाही की जाएगी।
गन्ना मंत्री श्री सुरेश राणा ने बताया कि क्रयकेंद्रों पर घटतौली के प्रभावी नियंत्रण के लिए मुख्यालय/क्षेत्रीय एवं जनपदीय जांच दल के माध्यम से नियमित निरीक्षण के साथ-साथ औचक निरीक्षण कराये जाने की व्यवस्था की गई है। अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि निरीक्षण कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाय। चीनी मिलों के गेट पर रात्रिकालीन औचक निरीक्षण भी कराया जाए। तौल लिपिकों की तैनाती लाटरी सिस्टम द्वारा पाक्षिक हस्तांतरण के माध्यम से कराई जाए, जिससे वह अपने चहेते क्रयकेंद्र पर तैनाती का लाभ लेकर किसानों का उत्पीड़न न कर सके।
निरीक्षण में पाई गई कमियों पर प्रभावी एवं त्वरित कार्यवाही के लिए भी निर्देश निर्गत किए गए है साथ ही सभी क्रयकेंद्रों पर संबंधित जिम्मेदार अधिकारियों का दूरभाष/मो.नं. एवं गन्ना आयुक्त का टोल फ्री नं.18001213203 अंकित कराया गया है। जिससे ऐसी शिकायतों को किसान तुरन्त सम्बन्धित अधिकारी के संज्ञान में ला सके और संबंधित अधिकारी ऐसी शिकायतों पर शीघ्र कार्यवाही कर सके। गन्ना मंत्री श्री सुरेश राणा ने बताया कि इसी प्रकार गन्ने की अवैधानिक खरीद पर अंकुश लगाए जाने के लिए प्रत्येक संवेदनशील क्षेत्र में नियमित निरीक्षण के भी निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए गए हैं। गन्ना माफियाओं को चिन्हित किए जाने पर विशेष जोर दिया गया है, ताकि ऐसे लोगों पर कानून तहत की जा सके। उन्होंने ऐसे पाए गए प्रकरणों की वीडियोग्राफी, फोटोग्राफी कराकर जिलाधिकारी को उपलब्ध कराने के भी निर्देश अधिकारियों को दिए हैं।