आयकर दर और स्लैब में बिना कोई बदलाव करते हुए वित्त मंत्री ने परिवहन और चिकित्सा खर्च की एवज में वेतनभोगी कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए चालीस हजार रुपये की मानक कटौती की घोषणा की। फिलहाल 19 हजार दो सौ रुपये के परिवहन भत्ता और 15 हजार रुपये तक के चिकित्सा खर्च पर कोई कर नहीं लगता है। वरिष्ठ नागरिकों को बैंक और डाकघर जमा से प्राप्त पचास हजार रुपये तक के ब्याज पर आय कर नहीं देना पड़ेगा, पहले यह सीमा दस हजार रुपये थी।