भ्रष्टाचार का मामला : जी०एस०आर०एम०एम०पी०जी० कॉलेज, लखनऊ में छात्रों से हो रही अवैध वसूली

“वाह वाह क्या बात है” अखिल भारतीय कवि मंच द्वारा ऑनलाइन अखिल भारतीय विराट कवि सम्मेलन सम्पन्न

(सुबह 11:00 बजे से रात्रि 12:30 तक साढ़े तेरह घण्टे लगातार चला आयोजन: 104 कवियों ने किया काव्यपाठ)

“वाह वाह क्या बात है” अखिल भारतीय कवि मंच द्वारा रंगपंचमी के पावन पर आयोजित ऑनलाइन अखिल भारतीय विराट कवि सम्मेलन- “रंगोत्सव” ऑनलाइन कवि सम्मेलन की श्रृंखला में एक यादगार,भव्य, अद्भुत और ऐतिहासिक आयोजन रहा। सुबह 11:00 बजे से रात्रि 12:30 तक लगातार साढ़े तेरह घण्टे संचालित इस कवि सम्मेलन का शानदार, अद्वितीय व मधुर संचालन मंच की संयोजक कवयित्री मधु सिंह “महक” अमरगढ़ नई, भीलवाड़ा राजस्थान द्वारा किया गया । मंच की अध्यक्षता कवि सुरेन्द्र शर्मा “सागर” श्योपुर मध्यप्रदेश ने की।

“वाह वाह क्या बात है” अखिल भारतीय कवि मंच के संस्थापक एवं अध्यक्ष कवि संजय श्रीवास्तव “प्रज्ञा”- गंजबासौदा मध्यप्रदेश के आमंत्रण पर विशिष्ट अतिथि के रूप में मंच पर उपस्थित कवि सुरेंद्र शर्मा “सागर” – श्योपुर मध्यप्रदेश , कवि श्याम बिहारी “सरल”- पोहरी,शिवपुरी मध्यप्रदेश, कवयित्री सुदर्शन शर्मा जी- दिल्ली , कवि बसंत श्रीवास्तव – शिवपुरी मध्यप्रदेश, कवि डॉ.रत्नेश्वर सिंह- पटना, बिहार, कवयित्री कमलेश सक्सेना “सहज”- शिवपुरी मध्यप्रदेश, विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित कवि राजेश कुमार शर्मा “पुरोहित”- भवानीमण्डी , झालावाड़, राजस्थान, कवयित्री संध्या चतुर्वेदी- मथुरा उत्तरप्रदेश का भव्य स्वागत-वंदन-अभिनंदन किया गया।

   कार्यक्रम का आरंभ मंच के सचिव आनंद श्रीवास्तव "प्रांजल"- खनियांधाना, शिवपुरी मध्यप्रदेश द्वारा स्वागत भाषण से किया गया । जिसमें उन्होनें अपने गीत के माध्यम से होली एवं रंगपंचमी की शुभकामनायें अर्पित कीं तथा मंच संचालन का दायित्व मधुसिंह "महक" को सौंपते हुए समस्त काव्य मनीषियों को अग्रिम शुभकामनायें अर्पित कीं।

  कार्यक्रम अध्यक्ष की अनुमति से आयोजन की विधिवत् शुरूवात माँ शारदे के पूजन अर्चन व दीप प्रज्ज्वलन  के साथ ही कवयित्री सुदर्शन शर्मा- दिल्ली द्वारा प्रस्तुत सुंदर सुमधुर वाणी में माँ वागेश्वरी की पावन वंदना से किया गया । तत्पश्चात विभिन्न प्रांतों से उपस्थित लगभग 104 कवि- कवयित्रियों ने एक से बढ़कर एक देशभक्ति पूर्ण काव्य प्रस्तुतियों से विविध विधाओं में होली एवं रंगपंचमी के सतरंगी रंगों की छटा से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। काव्यपाठ करने वाले  कवि-कवयित्रियों में कवि नरेश चन्द्र उनियाल-पौड़ी गढ़वाल, (उत्तराखण्ड) ,कवि सीताराम राय सरल-टीकमगढ (मध्यप्रदेश), कवयित्री ज्योति विपुल जैन- वलसाड ( गुजरात ) , कवयित्री आभा चौहान "आभ"-अहमदाबाद (गुजरात), कवि राजेन्द्र कुमार मंडल -सुपौल (बिहार), कवि किशोरी लाल जैन बादल- भिण्ड(मध्यप्रदेश), कवयित्री अनीता त्रिपाठी "अनुपम"- कानपुर नगर (उत्तर प्रदेश), कवि रतन कुमार शर्मा "रत्न"- राजुला, अमरेली (गुजरात), कवयित्री ज्योत्स्ना रतूड़ी-उत्तरकाशी (उत्तराखंड), कवयित्री रेखा कापसे-होशंगाबाद (मध्यप्रदेश), कवयित्री संध्या चतुर्वेदी- मथुरा (उत्तरप्रदेश), कवि मुरली मनोहर भट्ट आचार्य- उत्तरकाशी (उत्तराखंड), कवयित्री मधुलिका राय "मल्लिका" गाजीपुर (उत्तर प्रदेश), कवयित्री रजनी शर्मा अध्यापिका-दिल्ली, कवयित्री सीमा वर्णिका-कानपुर ?उत्तरप्रदेश), कवि कुंज बिहारी यादव- नरसिंहपुर (मध्यप्रदेश), कवि दिनेश कपूर "उत्सर्ग"- दिल्ली, कवि विष्णु शंकर मीणा-कोटा (राजस्थान), कवि अशोक दोशी- सिकंदराबाद (तेलंगाना), कवि शिवेन्द्र सिंह चौहान"सरल"- ग्वालियर (मध्यप्रदेश), कवि डॉ. राजेश कुमार शर्मा पुरोहित भवानीमंडी, झालावाड़ (राजस्थान), बाल कवयित्री शुभांगी शर्मा- भवानीमंडी, झालावाड़ (राजस्थान), कवि नवीन जोशी 'नवल'- बुराड़ी (दिल्ली), कवि प्रमोद यादव "रंजन गोण्डवी" - गोण्डा अवध (उत्तरप्रदेश), कवि जितेन्द्र द्विवेदी 'सरस' - कानपुर (उत्तरप्रदेश), कवयित्री पुष्पा निर्मल - बेतिया (बिहार), कवयित्री अर्चना अर्पिता- दिल्ली, कवयित्री सुधा चतुर्वेदी "मधुर" मुंबई (महाराष्ट्र), कवयित्री संगीता चमोली-देहरादून (उत्तराखंड), कवयित्री सुखमिला अग्रवाल “भूमिजा”- मुम्बई (महाराष्ट्र), कवयित्री पूनम शर्मा "स्नेहिल"- जमशेदपुर (झारखण्ड), कवयित्री संगीता चौबे "पंखुड़ी"- इंदौर (मध्यप्रदेश) कवि कृष्ण मुरारीलाल "मानव"- रामनगर, एटा (उत्तरप्रदेश), कवि रिपुदमन झा "पिनाकी"-धनबाद (झारखण्ड), कवि डॉ.भगवान सहाय मीना- जयपुर (राजस्थान), कवयित्री संगीता मिश्रा "बोलती लेखनी" - गाजियाबाद (उत्तरप्रदेश), कवयित्री शालिनी शर्मा"स्वर्णिम" -इटावा (उत्तरप्रदेश), कवयित्री वन्दना झा रायपुर (छत्तीसगढ़), कवि श्याम मोहन नामदेव- पृथ्वीपुर, निवाड़ी (मध्यप्रदेश), कवयित्री सुधा बसोर- गाजियाबाद (उत्तरप्रदेश), कवयित्री मधु भूतड़ा- जयपुर (राजस्थान), कवयित्री सरिता त्रिपाठी-लखनऊ (उत्तरप्रदेश), कवयित्री शमा परवीन-बहराइच (उत्तरप्रदेश), कवि सानंद सरगम- गोण्डा (उत्तरप्रदेश), कवयित्री नन्दी बहुगुणा- चम्बा, टिहरी (उत्तराखण्ड), कवि संत कुमार सारथि- नवलगढ़ (राजस्थान), कवयित्रीलकलावती कर्वा "षोडशकला"- कूच बिहार ( पश्चिम बंगाल), कवयित्री रंजना बिनानी-गोलाघाट (असम), कवयित्री स्वाति "सरू" जैसलमेरिया - जोधपुर (राजस्थान), कवयित्री मधु मान्या- जोधपुर (राजस्थान), कवयित्री आरती तिवारी "सनत"- दिल्ली, कवयित्री कुमारी चंदादेवी स्वर्णकार-जबलपुर (मध्यप्रदेश), कवि कालीदास ताम्रकार- जबलपुर (मध्यप्रदेश), कवयित्री गायत्री ठाकुर 'सक्षम' -नरसिंहपुर (मध्यप्रदेश), कवि जगदीश गोकलानी "जग ग्वालियरी" - ग्वालियर (मध्यप्रदेश), कवयित्री ललिता कुमारी वर्मा "अविरल"- अलीगढ़ (उत्तरप्रदेश), कवि विनय कुमार बुद्ध- न्यू बंगाईगांव (असम), कवयित्री आभा सिंह- लखनऊ (उत्तरप्रदेश) , ,कवयित्री रेणु जयसवाल "रेणुका"- कटिहार (बिहार), कवयित्री शिप्रा सैनी "मौर्या"-जमशेदपुर (झारखण्ड), कवि सुभाष चंद- लीखी (हरियाणा), कवयित्री विनीता कुशवाहा- गोण्डा (उत्तरप्रदेश), कवयित्री गायत्री ठाकुर "प्रज्ञा"- बीजापुर (छत्तीसगढ़), कवयित्री प्रेमा पटेल- वाराणसी (उत्तरप्रदेश), कवि सुखप्रीत सिंह "सुखी"- शाहजहांपुर (उत्तरप्रदेश), कवि राजकुमार प्रतापगढ़िया (दिल्ली), कवयित्री रेणु "नलिन" बाजपेयी- बिलासपुर (छत्तीसगढ़), कवयित्री वंदना सिंह- वाराणसी (उत्तरप्रदेश), कवयित्री रंजना जोशी -लखनऊ (उत्तरप्रदेश), कवयित्री आभा कुमारी- छपरा (बिहार), कवयित्री माला चौधरी- मुजफ्फरनगर (उत्तरप्रदेश), कवि अनिल कुमार यादव- शाहजहांपुर (उत्तरप्रदेश), कवि राजेश जोशी- उत्तरकाशी (उत्तराखंड), कवि रमाकांत सोनी- नवलगढ़ झुंझुनू (राजस्थान), कवयित्री सिध्देश्वरी सराफ "नीलू"- जबलपुर (मध्यप्रदेश), कवि संतोष दुबे- जबलपुर (मध्यप्रदेश), कवि आशीष पाण्डेय - सुल्तानपुर (उत्तरप्रदेश), कवि गिरधारी खंडेलवाल- सीकरी, भरतपुर (राजस्थान), कवयित्री अर्चना बामनगया- ग्वालियर (मध्यप्रदेश), कवयित्री मीना सिंह "मीनानिल"- अनूपपुर (मध्यप्रदेश), कवयित्री पुष्पलता जोशी "पुष्पांजलि"- नैनीताल ?उत्तराखंड), कवि डॉ.कुमार निर्मल- बेतिया, पश्चिम चम्पारण ( बिहार), कवयित्री अनिता निधि- जमशेदपुर (झारखंड), कवयित्री प्रीति प्रभा- जमशेदपुर (झारखंड), कवि गोपीकिशन शर्मा "शूलेश"- खरगोन (मध्यप्रदेश), कवयित्री रानी मिश्रा - जहानाबाद (बिहार), कवयित्री सुधाराज चौधरी- लखनऊ (उत्तरप्रदेश), कवयित्री दीपांजलि दुबे "दीप"- कानपुर (उत्तरप्रदेश), कवि विवेक प्रताप- शाहजहांपुर (उत्तरप्रदेश), कवयित्री अरुणिमा बहादुर खरे- प्रयागराज (उत्तरप्रदेश), कवि डाॅ विजय प्रकाश राय- जौनपुर (उत्तरप्रदेश), कवि सतीश श्रीवास्तव- करैरा , शिवपुरी (मध्यप्रदेश), कवि संजय श्रीवास्तव "प्रज्ञा" गंजबासौदा , विदिशा (मध्यप्रदेश), कवि आनंद श्रीवास्तव "प्रांजल" - खनियांधाना , शिवपुरी (मध्यप्रदेश), कवि डॉ.सुनील त्रिपाठी निराला- भिण्ड (मध्यप्रदेश), कवयित्री ऋतु गर्ग- सिलीगुड़ी (पश्चिम बंगाल), कवयित्री डॉ. रूपल श्रीवास्तव "शांभवी"- भांडेर, दतिया (मध्यप्रदेश), कवि सुरेन्द्र शर्मा "सागर"- श्योपुर (मध्यप्रदेश), कवि श्याम बिहारी "सरल" - पोहरी, शिवपुरी (मध्यप्रदेश), कवयित्री सुदर्शन शर्मा-दिल्ली, कवि बसन्त श्रीवास्तव- शिवपुरी (मध्यप्रदेश), कवयित्री कमलेश सक्सेना "सहज" शिवपुरी (मध्यप्रदेश) की एक से बढ़कर एक शानदार काव्य प्रस्तुतियों से मंच "वाह-वाह" एवं करतल ध्वनियों से गूंज उठा।

अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में कार्यक्रम अध्यक्ष कवि सुरेन्द्र शर्मा “सागर”- श्योपुर (मध्यप्रदेश) ने आयोजन की मुक्तकण्ठ से प्रशंसा करते हुए इस अभूतपूर्व आयोजन के लिये आयोजक मण्डल, कवियों , श्रोताओं को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनायें व्यक्त करते हुए कहा कि निश्चित रूप से यह एक अद्वितीय, ऐतिहासिक एवं यादगार आयोजन है और गिनीज बुक में दर्ज होने की पूर्ण पात्रता रखता है ।हम सभी को सम्मिलित प्रयास कर इस आयोजन को गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड में स्थान दिलाना चाहिये । उत्कृष्ट काव्यपाठ करते हुए उन्होनें अपनी सुमधुर स्वरयुक्त गजलों से मंच पर समा बांध दिया।

“वाह वाह क्या बात है” मंच के संस्थापक एवं अध्यक्ष कवि संजय श्रीवास्तव “प्रज्ञा”- गंजबासौदा, विदिशा (मध्यप्रदेश) द्वारा आभार ज्ञापन के क्रम में सर्वप्रथम मधुसिंह “महक” जी को अनवरत साढ़े तेरह घण्टे तक बहुत ही सुंदर, मधुर एवं अभूतपूर्व मंच संचालन के लिये आभार व्यक्त करते हुए उन्होनें कहा कि ऑनलाइन कवि सम्मेलन के इतिहास में इतना वृहद आयोजन और अनवरत् साढ़े तेरह घण्टे तक मंच संचालन पहली बार हुआ है जो “गिनीज बुक” में दर्ज होने योग्य अपने आप में एक वर्ल्ड रिकार्ड है । उन्होनें कार्यक्रम अध्यक्ष सुरेंद्र शर्मा “सागर” , मंचासीन विशिष्ट अतिथिगणों का आभार व्यक्त किया तथा समस्त कवियों कवयित्रियों को उत्कृष्ट काव्यपाठ के लिये हार्दिक शुभकामनायें व्यक्त करते हुए सभी का आभार प्रकट किया तथा कवियों का उत्साहवर्धन करने के लिये समस्त श्रोतागणों को भी आभार ज्ञापित किया एवं इस अभूतपूर्व आयोजन के लिये सभी को बधाई एवं शुभकामनायें अर्पित कीं ।

इस अवसर पर कवि ओम अंकुर- भीलवाड़ा (राजस्थान), कवयित्री पुष्पा मिश्रा , कवयित्री पुष्पलता पुष्पांजलि , देश के कोने-कोने से विभिन्न प्रांतों से कवि, साहित्यकार, पत्रकारगण सहित बड़ी संख्या में काव्यमनीषी श्रोतागण उपस्थित रहे । सभी ने मुक्तकण्ठ से इस अभूतपूर्व आयोजन की प्रशंसा की।

“वाह वाह क्या बात है” अखिल भारतीय कवि मंच के संरक्षक कवि सतीश श्रीवास्तव- करैरा , शिवपुरी (मध्यप्रदेश), सचिव- आनन्द श्रीवास्तव “प्रांजल”- खनियांधाना, शिवपुरी (मध्यप्रदेश), संयोजक एवं मंच संचालक कवयित्री मधुसिंह “महक”- अमरगढ़ नई, भीलवाड़ा (राजस्थान) एवं मंचासीन विशिष्ट अतिथियों ने होली, रंगपंचमी एवं उत्कृष्ट आयोजन की सभी को बधाई एवं शुभकामनायें अर्पित कीं। अध्यक्ष संजय श्रीवास्तव “प्रज्ञा” द्वारा समस्त कवि- कवयित्रियों को सम्मान पत्र से अलंकृत किये जाने की घोषणा के साथ ही रात्रि 12:30 बजे कार्यक्रम का समापन किया गया ।

url and counting visits