योगी आदित्यनाथ मंत्रिमंडल का पहला विस्तार, 23 मंत्रियों ने ली शपथ

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मंत्रिमंडल के पहले विस्तार में बुधवार को 23 मंत्रियों ने शपथ ली। इसमें पांच का दर्जा बढ़ाते हुए उन्हें कैबिनेट मंत्री की शपथ दिलाई गई। इसके अलावा छह राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार और छह राज्यमंत्री ने शपथ ग्रहण की। मुख्यमंत्री ने मंत्रिमंडल विस्तार में जहां युवा चहेरों को तरजीह दी है, वहीं जातीय व क्षेत्रीय संतुलन का भी पूरा ख्याल रखा।

11 बने राज्यमंत्री

राज्यमंत्री बनने वालों में अनिल शर्मा, महेश गुप्ता, आनंद स्वरूप शुक्ला, विजय कश्यप, डॉ. गिर्राज सिंह धर्मेश, लाखन सिंह राजपूत, नीलिमा कटियार, चौधरी उदयभान सिंह, चंद्रिका प्रसाद उपाध्याय रमाशंकर सिंह पटेल और अजीत सिंह पाल प्रमुख हैं।

बदायूं से सदर विधायक महेश गुप्ता ने अपनी जीवन में जनहित और देशहित के लिए सड़क से संसद तक आंदोलन किए और लड़ाई लड़ी है। इस दौरान महेश चंद्र गुप्ता ने कसम खाई थी कि जब तक भाजपा की केंद्र में सरकार नहीं बन जाएगी तब तक वह भोजन नहीं करेंगे। वह उस समय सदर विधानसभा से विधायक थे और इसके बाद भोजन त्याग दिया। वर्ष 2014 में केंद्र में भाजपा की सरकार बनी और पीएम के रूप में मोदी ने शपथ ली तब महेश गुप्ता ने छह साल बाद अन्न गृहण किया था।

कांग्रेस के खिलाफ एक महीने चले थे साइकिल

कांग्रेस ने देश पर लंबे समय तक राज किया है, देश में डीजल और पेट्रोल बढ़ने के दाम बढ़ने पर सदर विधायक महेश चंद्र गुप्ता ने खूब आंदोलन किया। वह वर्ष 2007 के बाद सदर विधानसभा से विधायक थे और कांग्रेस की केंद्र में सरकार थी। उस समय डीजल, पेट्रोल में वृद्धि होने पर सदर विधायक ने साइकिल से चलो आंदोलन शुरू किया था, वह विधायक होने के बाद भी एक महीने तक साइकिल से चले थे।

मंडल अध्यक्ष से शुरू किया सियासी सफर

महेश चंद्र गुप्ता की राजनीतिक पृष्ठभूमि में वर्ष 1986 से 1990 तक भाजपा दहगवां मंडल अध्यक्ष रहे। वर्ष 1990 से 1992 तक भाजपा जिलामंत्री रहे। वर्ष 1993 से 1995 तक भाजपा पंचायत प्रकोष्ठा के जिलाध्यक्ष रहे। वर्ष 1995 से 1999 तक भाजपा जिला उपाध्यक्ष रहे। वर्ष 1996 के विधानसभा चुनाव में सपा मुखिया मुलायम सिंह यादव के सामने सहसवान से चुनाव लड़े और दूसरे स्थान पर रहे। वर्ष 1999 में भाजपा के निर्विरोध जिलाध्यक्ष चुने गए। वर्ष 2004 में भाजपा लोकसभा के संयोजक चुने गए। वर्ष 2007 से 2012 तक बदायूं विधानसभा से विधायक रहे। वर्ष 2012 से 2015 तक भाजपा बरेली क्षेत्र के क्षेत्रीय उपाध्यक्ष रहे। वर्ष 2017 के चुनाव में सदर विधानसभा से विधायक चुने गए।

परिवार से मिली राजनीति की सीख

महेश चंद्र गुप्ता के ताऊ स्व. अशर्फीलाल वर्ष 1967 में जनसंघ से विधायक रहे। दूसरे ताऊ स्व. बांकेलाल करीब 30 वर्ष तक ब्लाक प्रमुख रहे। चाची लक्ष्मी नारायण सरपंच रहीं। बड़े भाई वेदप्रकाश गुप्ता दादरी (गौतमबुद्धनगर) के कालेज में प्रधानाचार्य के पद से सेवानिवृत्त हैं और भाजपा सहकारिता प्रकोष्ठा के प्रदेश उपाध्यक्ष रहे एवं शिक्षक प्रकोष्ठ के शिक्षक मंत्री रहे। राष्ट्रीय स्वंय सेवक संघ के नगर कार्यवाहक रहे व पूर्व में सरस्वती शिशु मंदिर दादरी के प्रबंधक भी रहे। बड़े भाई महेंद्र पाल गुप्ता एडवोकेट जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष रहे। छोटे भ्राता नरेश चंद्र गुप्ता भारतीय स्टेट बैंक दहगवां में कार्यरत हैं।