सम्प्रेषण कला-कौशल को धारण करना सीखें
पृथ्वीनाथ पाण्डेय- अधिकतर लोग तर्क प्रस्तुत करते हैं– भाषा की शुद्धता की क्या आवश्यकता है; हमारा भाव सम्प्रेषित हो जाता है, इतना ही बहुत है। ऐसे लोग से हमारा प्रश्न है– आप लोग को घर […]
पृथ्वीनाथ पाण्डेय- अधिकतर लोग तर्क प्रस्तुत करते हैं– भाषा की शुद्धता की क्या आवश्यकता है; हमारा भाव सम्प्रेषित हो जाता है, इतना ही बहुत है। ऐसे लोग से हमारा प्रश्न है– आप लोग को घर […]