डॉ० पृथ्वीनाथ पाण्डेय की पाठशाला’ – ‘अन्त:स्थ’ और ‘अन्तस्थ’

June 9, 2018 0

वर्णमाला के अन्तर्गत जिन य, र, ल, व के समुच्चय को ‘अन्त:स्थ’ कहा जाता है, (अधिकतर पुस्तकों में ‘अन्त:स्थ’ के स्थान पर ‘अन्तस्थ’ का प्रयोग किया गया है, जो अशुद्ध है।) उनमें में से दो […]