वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए भारतीय प्रधानमंत्री ने देशभर के प्रमुख ऑक्सीजन उत्पादकों से बातचीत की। उन्होंने कहा कि यह वक्त सिर्फ चुनौतियों से निपटने का नहीं है, बल्कि उनका कम से कम समय में समाधान ढूंढने का भी है। श्री मोदी ने इस दौरान सरकार और ऑक्सीजन उत्पादकों के बीच बेहतर तालमेल बनाए रखने की आवश्यकता पर भी जोरदिया।
ऑक्सीजन की उपलब्धता में और सुधार के लिए श्री मोदी ने आने वाले दिनों में ऑक्सीजन उत्पादन की पूर्ण क्षमता काउपयोग करने की बात कही। उन्होंने कहा कि ऑक्सीजन सिलिंडरों की उपलब्धता बढ़ाने और ऑक्सीजनके परिवहन की सुविधाओं में भी सुधार की आवश्यकता है। उन्होंने उद्योगों से आग्रह कियाकि वे अन्य गैसों की ढुलाई के लिए इस्तेमाल किए जा रहे टैंकरों को ऑक्सीजन की सप्लाईके लिए उपलब्ध कराएं।
प्रधानमंत्री ने कहा कि राज्योंकी ऑक्सीजन की मांग को ध्यान में रखते हुए सरकार रेलवे और वायुसेना के परिवहन विमानोंके कारगर इस्तेमाल की दिशा में काम कर रही है। उन्होंने कहा कि देशभर में चिकित्सामें इस्तेमाल होने वाली ऑक्सीजन की सुचारू उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए सरकार, राज्यों, उद्योग, ट्रांसपोर्टरों और अस्पतालों को एकजुट होकर काम करना होगा। श्री मोदी ने कहा कि बेहतर तालमेल और समन्वयसे ऑक्सीजन की कमी की चुनौती से आसानी से निपटा जा सकेगा।
बैठक के दौरान रिलायंस इंडस्ट्रीज़लिमिटेड के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक मुकेश अम्बानी, भारतीय इस्पातप्राधिकरण लिमिटेड की अध्यक्ष सोमा मंडल, जेएसडब्ल्यू के सज्जनजिंदल, टाटा स्टील के नरेंद्रन और जिंदल स्टील एंड पावर लिमिटेडके नवीन जिंदल सहित अनेक उद्योगपतियों ने हिस्सा लिया।