शिक्षा और रोजगार जैसे मुद्दों पर लड़ेंगे आगामी विस चुनाव : डॉक्टर महेश चंद्र प्रजापति

कौशांबी: मंझनपुर विधानसभा में प्रजापति एकता ग्रुप के तत्वाधान में करन प्रजापति द्वारा आयोजित जनसभा को संबोधित करते बतौर मुख्य अतिथि भागीदारी पार्टी (पी.) के राष्ट्रीय प्रमुख महासचिव एवं पूर्व दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री डॉ महेश चंद्रा प्रजापति ने कहा कि सुभासपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष/पूर्व कैबिनेट मंत्री ओमप्रकाश राजभर के नेतृत्व में बनाए गए भागीदारी संकल्प मोर्चा आगामी 2022 विधानसभा चुनाव 9 छोटे-छोटे दलों को मिलाकर विस चुनाव लड़ा जाएगा । यह छोटे-छोटे दल बड़े दलों की नींद उड़ाने का काम करेंगे । अभी हाल में ही हैदराबाद से सांसद असदुद्दीन ओवैसी भी मोर्चा में शामिल हुए हैं । असदुद्दीन ओवैसी के शामिल होने से भाजपा जिस प्रकार से हिंदू और मुस्लिम का तूल दे रही है, यह उसका डर है । क्योंकि भाजपा कश्मीर में महबूबा मुफ्ती से हाथ मिलाकर चुनाव लड़ा तो भाई बहन, अगर ओवैसी मोर्चा में शामिल हो गए तो यह ये लोग हिंदू और मुस्लिम का मुद्दा बना रहे हैं । भाजपा को सियासत करने के लिए केवल हिंदू और मुस्लिम रॉइट दिखाई देता है । यदि मुस्लिम भाई ओवैसी के साथ में रहकर शिक्षा स्वास्थ्य और नौकरी की बात करें तो क्या वह देशद्रोही हो जाएंगे । जिसको जो कहना है वह कहे लेकिन 2022 में हिंदू मुस्लिम नहीं बल्कि, शिक्षा, रोजगार ,स्वास्थ्य ,बिजली पानी, मुफ्त देने के सवाल पर चुनाव लड़ा जाएगा ।

श्री प्रजापति ने कहा कि सपा, बसपा और कांग्रेश केवल मुसलमानों का इस्तेमाल किया है । वोट लेकर सरकार तो बना लेते हैं लेकिन हिस्सेदारी की जब बात आती है तो संख्या के अनुपात में इनकी भागीदारी नहीं दी जाती है । इसी चायल विधानसभा में प्रजापति समाज की 30 से 35 हजार वोट है लेकिन इस जाति की कोई हिस्सेदारी सरकार में नहीं है । क्षेत्रीय और राष्ट्रीय पार्टियां एक टिकट देकर पूरे जाति का वोट लेना चाहती हैं । लेकिन भागीदारी पार्टी बनने से प्रजापति समाज के वोट में अब यह पार्टियां सेंध नहीं लगा पाएंगे, जिससे सपा ,बसपा कांग्रेस, भाजपा बौखलाई हुई हैं । राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रेमचंद प्रजापति की बढ़ती हुई लोकप्रियता को देखकर भाजपा ने प्रजापति समाज के कुछ नेताओं को लॉलीपॉप देकर सरकार में शामिल किया है ताकि वे लोग एजेंट बनकर अपने समाज की बहुमूल्य वोट को बेचने का काम करें । लेकिन भागीदारी पार्टी अब ऐसा नहीं होने देगी । आजादी के 74 साल बाद जो जातियां शिक्षा ,रोजगार से वंचित रह गई है । उनकी हिस्सेदारी दिलाना एकमात्र मकसद रह गया है । इसी प्रकार पिछड़े दलित अल्पसंख्यक में उनके समाज के ही कुछ ऐसे नेता है जो अपने जाति की वोट डलवाने का तो काम करते हैं । लेकिन जब हिस्सेदारी की बात आती है तो उनके मुंह से आवाज नहीं निकलती है ।

भागीदारी पार्टी (पी.) के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष इंजीनियर विकास सिंह पटेल संगठन पर कहानी के माध्यम से जोर देते हुए कहा कि जिस प्रकार से प्रजापति समाज आज एकजुट हो रहा है, ठीक इसी प्रकार पिछड़े दलित अल्पसंख्यक को भी एकजुटता दिखाने की जरूरत है । मैं भी निरंतर अपने पटेल समाज को एकजुट करने का प्रयास कर रहा हूँ । हम सभी लोग आपस में मिलकर अपनी सरकार बनाना चाहते हैं, जिससे पिछड़े दलित अल्पसंख्यक की समुचित भागीदारी सुनिश्चित हो सके ।कार्यक्रम की अध्यक्षता जय सिंह प्रजापति ने किया मंच का संचालन भागीदारी पार्टी के मंडल अध्यक्ष एडवोकेट रविकांत प्रजापति ने किया । इस अवसर पर सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के तेजतर्रार जिला अध्यक्ष भूपेंद्र प्रजापति भागीदारी पार्टी के जिला अध्यक्ष युवाओं के प्रेरणा स्रोत एडवोकेट बुद्धि राम प्रजापति डॉक्टर भगवत प्रसाद प्रजापति केंद्रीय कार्यालय प्रभारी दीपक कुमार प्रजापति डॉक्टर बी एन प्रजापति डॉक्टर मुरली प्रसाद प्रजापति चंद्रिका प्रसाद प्रजापति बेनी प्रसाद प्रजापति राम सिंह प्रजापति डॉ हेमंत प्रजापति आदि पदाधिकारियों ने बारी-बारी से अपने विचार रखे ।