हाजिरी से बचने के लिए खराब कर दी बायोमीट्रिक मशीन

सीएचसी कछौना में चंद दिनों चलने के बाद वर्षों से खराब बायोमेट्रिक मशीन

कछौना, हरदोई। स्वास्थ विभाग के जिम्मेदारों का दावा है कि स्वास्थ्य विभाग बेहतर स्वास्थ्य दे रहा है। परंतु सरकारी स्वास्थ्य विभाग में सबसे ज्यादा समस्या सरकारी कर्मचारियों का नियमित रूप से ड्यूटी नहीं करना व समय से नहीं आना है। इस पर अंकुश लगाने के लिए कर्मचारियों की हाजिरी लगाने के लिए बायोमेट्रिक मशीन लगाई गई है। जिससे कर्मचारियों की मनमानी पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी।

कछौना समुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लगभग तीन लाख की आबादी को स्वास्थ्य सेवाएं दे रहा है। जिसमें प्रतिदिन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर एक हजार के करीब मरीजों की ओपीडी होती है। मरीजों को जानकारी नहीं मिल पाती है किस डॉक्टर, फार्मासिस्ट, वार्ड बॉय, महिला डॉक्टर, स्टाफ नर्स, डेन्टल, ऑप्टोमेट्रिस्ट, स्वास्थ्य पर्वेक्षक, पैथोलॉजी कर्मी मौजूद हैं। अक्सर रात में स्टाफ गायब रहता है, क्योंकि ड्यूटी सूचना बोर्ड पर भी ड्यूटी पर कौन कर्मी मौजूद है, विवरण दर्ज नहीं होता है। लेकिन समुदायिक केंद्र में बायोमेट्रिक मशीन चंद दिनों चली है, मिली जानकारी के अनुसार विभागीय कर्मचारियों ने जानबूझकर बायोमेट्रिक मशीन खराब कर दी हैं। बायोमेट्रिक मशीन को अफसर जहां इनमें तकनीकी खराबी बता रहें हैं, वहीं सच्चाई यह है कि बायोमीट्रिक मशीन से प्रतिदिन उपस्थिति की पोल खुल रही थी, जिसके कारण इन्हें जानबूझ कर खराब कर दिया गया। यदि ऐसा नहीं है तो खराब मशीनों को सही क्यों नहीं कराया गया। जिससे डॉक्टर, स्टाफ कर्मचारी, मनमानी तरीके से आ जा सके। जिससे आम जनमानस को स्वास्थ्य सेवाओं का सही लाभ नहीं मिल पाता है।

रिपोर्ट – पी०डी० गुप्ता