जन-जागरूकता हेतु स्वास्थ्य विभाग व नगर पंचायत ने गठित की वॉलेंटियर टीम

● स्वास्थ्य विभाग व नगर पंचायत ने वॉलिंटियर टीम गठित कर वेक्टर जनित रोगों की रोकथाम के लिए आम जनमानस को घर-घर जाकर कर रहे जागरूक

कछौना (हरदोई) : वर्तमान समय में वेक्टर जनित रोग मलेरिया, डेंगू, टाइफाइड कस्बे में तेजी से पैर पसार रहा है। डेंगू से संभावित लगभग 8 मौतें हो चुकी हैं। प्रत्येक परिवार का कोई न कोई सदस्य बुखार से पीड़ित हैं। सरकार के पास सीमित संसाधन है। जांच व दवा के नाम पर उपलब्धता कम हैं। जनसंख्या के अनुपात में सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं का अभाव है। ऐसे में लोग निजी अस्पतालों व झोलाछाप डॉक्टरों की शरण में जाने को मजबूर हैं। जिससे लोगों का आर्थिक नुकसान व जीवन तक की कीमत चुकानी पड़ती है।

मामले की गंभीरता को देखते हुए कस्बे के वरिष्ठ जन दिनेश दीक्षित, अनूप दीक्षित, दुष्यंत सिंह, क्रांतिवीर सिंह, अमित गुप्ता, संजय तिवारी, पियूष मिश्रा, श्याम जी गुप्ता, शिव नारायण सिंह, नवीन कुमार, रंजीत राव, आलोक राठौर, पी०डी० गुप्ता, धनीराम पत्रकार, कुर्बान अली, जाबिर अली, सूरज पाण्डेय, दुर्गेश गुप्ता, दीपक कुमार श्रीवास्तव, सौरभ श्रीवास्तव, विनीत, एसपी सिंह रेड क्रॉस सोसाइटी, क्रांतिवीर सिंह आगे आकर स्वास्थ्य विभाग व नगर पंचायत टीम के साथ मानवता को बचाने के लिए कदम बढ़ाया है। स्वास्थ विभाग और नगर पंचायत टीम के रोस्टर के अनुसार प्रत्येक वार्डों में घर-घर जाकर आम जनमानस को जागरूक कर स्वच्छता के लिए प्रेरित करेगें।

टीम के प्रभारी दिनेश दीक्षित ने बताया प्रत्येक वार्ड में वॉलिंटियर्स स्वयंसेवी के रूप में कार्य करेंगे। जो स्वास्थ विभाग व नगर पंचायत संयुक्त टीम के साथ कार्य करेंगी। लोगों के घरों में पहुंचकर डेंगू का एंटी लार्वा खत्म करने के लिए घर में कूलर, बाल्टी, ड्रम, गमला, घड़ा, टायर, फ्रिज की जाली में स्टोर पानी को साफ करने के लिए प्रेरित करेंगे, क्योंकि इस का लार्वा साफ पानी में पनपता है। पानी न एकत्र होने दे। पानी एकत्र वाले स्थानों पर मिट्टी भर दे, अथवा मिट्टी का तेल डाल दें। सोते समय मच्छरदानी का प्रयोग अवश्य करें। मच्छर निरोधक क्रीम, सरसों का तेल लगाएं व पूरी आस्तीन के कपड़े पहने, बुखार होने पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराएं, मोजा, जूता पहन कर रहे। डेंगू होने पर हड्डी तोड़ तेज बुखार होता है। मांसपेशियों में दर्द होता है। जी मचलता है। आंखों के पीछे दर्द होता है। उपचार व दवा डॉक्टर की सलाह पर दवा ले। पानी, पेयजल पदार्थ का ज्यादा मात्रा में सेवन करें। पपीता के पत्तों का रस प्रयोग करें। यह बुखार में 2 सप्ताह का समय लग जाता है। पूरी आराम करें। टीम द्वारा लोगों को स्वयं जागरूक कर, उन्हें अपने आसपास परिवेश को साफ सुथरा रखने के लिए प्रेरित करना है। पहले दिन टीम ने मोहल्ला ठाकुरगंज में मुहिम की शुरुआत की। टीम का लोग बढ़-चढ़कर सहयोग कर रहे हैं। लोग टीम के इस प्रयास की सराहना कर रहे हैं।

रिपोर्ट – पी०डी० गुप्ता