बदायूं डीएम ने राजस्व वसूली पर कसा शिकंजा, हलकों में तैनात लेखपालों की जानकारी न होने पर एसडीएम व तहसीलदार को लगाई फटकार

बदायूँ: जिलाधिकारी कुमार प्रशान्त ने शनिवार को कलेक्ट्रेट स्थित अटल बिहारी वाजपेयी सभागार में कर-करेत्तर एवं राजस्व वसूली की बैठक की। नगर पंचायत उघैती में व्यवस्थाएं खराब पाए जाने पर अधिशासी अधिकारी उघैती को कड़ी फटकार लगाते हुए निर्देश दिए कि कार्य में सुधार लाया जाए एवं नगर पालिका की दुकानों में बढ़ोत्तरी की जाए। मण्डियों में सचिव सभापति की अध्यक्षता में व्यापारियों के साथ ईनेम की बैठक आयोजित कर व्यापारियों की समस्याओं को निस्तारण कराएं, इसमें बाउंड्री बाल की व्यवस्था एवं बैंक की सुविधा भी मुहैया कराई जाए। सभापति स्वयं ओवरलोडिंग गाड़ियों का निरीक्षण कर आवश्यक कार्यवाही करें।

राजस्व वसूली में सबसे खराब स्थिति तहसील बिसौली की पाई गई, इसके लिए डीएम एसडीएम को कड़े निर्देश दिए कि किसी भी मद में वसूली शून्य नहीं होना चाहिए। समस्त उपजिलाधिकारी नियमित अन्तराल पर अमीनों के साथ बैठक आयोजित करें। वसूली कम होने पर अमीनों के वेतन से इसकी भरपाई की जाए। अमीनों द्वारा वसूली गई धनराशि को पांच दिनों के अन्तराल पर जमा किया जाए। तहसील के बड़े बकाएदारों की सूची बनाकर अमीनों से युद्ध स्तर पर धनराशि की वसूली की जाए। समस्त उप जिलाधिकारियों, तहसीलदारों, सीआरए को हल्कों एवं लेखपालों की जानकारी न होने पर डीएम ने कड़ी नाराज़गी व्यक्त करते हुए कहा कि अगली बार बैठक में यह अपने सम्बंधित हल्के एवं लेखपालों की पूर्ण जानकारी हो जाए। सभी विभागों को वन विभाग की ओर से वृक्षारोपण के लिए निःशुल्क पौधे उपलब्ध कराए जाएंगे। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी निशा अनंत, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व नरेन्द्र बहादुर सिंह, अपर जिलाधिकारी प्रशासन राम निवास शर्मा, सिटी मजिस्ट्रेट अमित कुमार सहित समस्त उप जिलाधिकारीगण एवं तहसीलदार व सम्बंधित अधिकारी मौजूद रहे।