कोविड संक्रमण से बचाव की तैयारी परखने के लिए हुई मॉक ड्रिल

जनपद में कोविड संक्रमण की तैयारी परखने के लिए मंगलवार को मॉक ड्रिल हुई। इसी क्रम में जिले के कुल छः चिह्नित कोविड चिकित्सालयों में कोविड मरीजों के भर्ती करने एवं इलाज करने सम्बन्धी तैयारियों का जायजा स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त निदेशक डॉ० अचल सिंह यादव, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ० राजेश कुमार तिवारी सहित अन्य चिकित्सा अधिकारियों ने लिया।
संयुक्त निदेशक ने सौ शय्या चिकित्सालय का, मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बावन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) का, विश्व स्वास्थ्य संगठन की सर्विलांस अधिकारी डॉ० सौम्या ने मेडिकल कॉलेज का, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ० सुशील कुमार सहित अन्य अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारियों ने संडीला शाहाबाद और अहिरोरी सीएचसी का निरीक्षण किया।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि यह मॉक ड्रिल कोविड के नए वैरियंट के संक्रमण के बढ़ने की आशंका के मद्देनजर हुई। उन्होंने बताया कि जिले में कुल 6 चिकित्सालयों में कोविड के लिए कुल 420 बेड (120 बेड मेडिकल कालेज, 100 बेड नयागाँव स्थित सौ शय्या चिकित्सालय एवं 50 बेड चार सीएचसी बावन, शाहाबाद, संडीला और अहरोरी) पर तैयार रखे गये हैं। सभी चिकित्सालयों में ऑक्सीजन प्लांट स्थापित हैं एवं पाइपलाइन से बेड तक आक्सीजन पहुँचाने की सुविधा उपलब्ध है।

उक्त माक ड्रिल के दौरान मुख्य रूप से आक्सीजन प्लांट, आक्सीजन पाइपलाइन, मानव संसाधन की उपलब्धता एवं उनके प्रशिक्षण, औषधियों की उपलब्धता एवं अन्य कंज्युमेबल्स के बारे में जानकारी ली गयी एवं सम्बन्धित इकाई प्रभारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गये। वर्तमान में जिले में कोई एक्टिव कोविड केस नहीं है।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी द्वारा सभी इकाइयों को कोविड टेस्टिंग बढ़ाने के एवं सभी ज्वर एवं सांस सम्बन्धी रोगियों की जांच कराने के निर्देश दिए गये। जिले में एक बीएसएल (बायो सेफ़्टी लेवल) लैब भी संचालित है, जहाँ आरटी-पीसीआर की जांच हो रही है। सीएमओ ने जनपदवासियों से अपील की है कि कोविड प्रोटोकॉल का पालन करते हुए मास्क लगाकर ही घर से बाहर निकलें।

उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ० पंकज मिश्रा ने बताया कि चयनित सीएचसी पर नोडल अधिकारी नियुक्त हैं। मॉक ड्रिल के दौरान जनपद में कोविड मरीजों के लिए आरक्षित बेड, वार्ड और ऑक्सीजन की उपलब्धता देखी गई। साथ ही स्वास्थ्य केंद्रों पर बच्चों के पीकू वार्ड तैयार हैं। जिससे कि पीडियाट्रिक वार्ड भी तत्काल में उपयोग लाए जा सकते हैं। मेडिकल कॉलेज में 120 बेड में से 90 बेड बच्चों के लिए और 30 बेड वयस्कों के लिए आरक्षित हैं। सौ शय्या चिकित्सालय में 60 बेड बच्चों के लिए और 60 बेड वयस्कों के लिए तैयार किए गये हैं। वहीं सभी सीएचसी पर 50 बेड में 10-10 बेड बच्चों के और 40-40 बेड वयस्कों के लिए हैं। इस मौके पर अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ० ए०पी०गौतम, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ० देशदीपक पाल सहित अन्य चिकित्सा अधिकारी उपस्थित रहे।