दिल्ली में जैसे ही समाजवादी पार्टी छोड़कर नरेश अग्रवाल ने भारतीय जनता पार्टी का दामन थामा हरदोई में समाजवादी पार्टी कार्यालय पर मिठाई बांटकर खुशी जताई गई वही कार्यकर्ताओं ने होर्डिंगे फाड़ी व नरेश अग्रवाल नितिन अग्रवाल के फ़ोटो पर कालिख पोत दी।
समाजवादी पार्टी कार्यालय पर सपा जिलाध्यक्ष शराफत अली ने कहाकि भाजपा ने अब तक जो वादे किए वह पूरे नही किया और भाजपा राम की नही नाथूराम को मानने वाली है।भाजपा सरकार किसानों की विरोधी है और प्रदेश में समाजवादी पार्टी व अखिलेश यादव की लहर है और 2019 में परचम लहराएगा।कहाकि नरेश अग्रवाल के जाने से समाजवादी पार्टी को कहीं कोई नुकसान नही है।वही पूर्व विधायिका राजेश्वरी ने भाजपा में जाने की बातों को खारिज करते हुए कहाकि वह जब तक जान है उनके व उनके परिवार के लोग और उनका पूरा परिवार सपा में है और रहेगा।
वहीं कार्यकर्ताओं ने सपा से नरेश अग्रवाल के जाने के बाद खुशी जाहिर की और समाजवादी पार्टी कार्यालय पर लगे पोस्टर फाड़ दिए व हटा दिए।वहीं सपाइयों ने मिठाई बांटकर नरेश अग्रवाल के जाने की खुशी भी मनाई और नरेश अग्रवाल मुर्दाबाद के नारे लगाते हुए पार्टी कार्यालय पर लगी होर्डिंग में नरेश अग्रवाल व नितिन अग्रवाल की फ़ोटो पर कालिख भी पोती।जिसमे प्रशांत मिश्र रहे।इस दौरान संजय कश्यप मुकुल सिंह आशा आदि मौजूद रहे।
बता दें कि उत्तर प्रदेश की राजनीति में बेहद तेज तर्रार माने जाने वाले नरेश अग्रवाल ने समाजवादी पार्टी से किनारा कर भारतीय जनता पार्टी का दामन लिया है।राज्य सभा से उनका टिकट काटकर जया बच्चन को राज्यसभा भेजे जाने से नरेश अग्रवाल पार्टी से नाराज चल रहे थे।दिल्ली स्थित भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय मुख्यालय में केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने नरेश अग्रवाल को औपचारिक रूप से सदस्यता ग्रहण कराई।गौरतलब है कि मूलरूप से हरदोई के रहने वाले नरेश अग्रवाल 1980 में कांग्रेस के टिकट पर विधायक बने थे। हरदोई विधानसभा सीट से सात बार विधायक रहे नरेश अग्रवाल ने कांग्रेस से अपनी राजनीतिक पारी की शुरुआत करने के बाद ‘लोकतांत्रिक कांग्रेस’ नाम से अपनी एक अलग राजनीतिक पार्टी भी बनाई थी। हालांकि, बाद में उन्होंने बसपा का दामन थामा। इसके बाद वह अपने पूरे कुनबे के साथ सपा में शामिल हो गए थे।