● आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय
कल (२३ अक्तूबर) रविवार होगा। कल हम देखेंगे, इन दोनो मे से किसकी हँसी बची रहेगी? कल यदि ‘मेलबोर्न क्रिकेट ग्राउण्ड’ मे वर्षा नहीं होती है (जैसी कि वर्षा होने की सम्भावना व्यक्त की गयी है) तो एक की हँसी का ग़ायब होना तय है और यदि मैच वर्षा की भेंट चढ़ गयी तो १-१ अंक पाने के बाद भी दोनो के लिए फ़ाइनल तक का रास्ता ‘करो-मरो’ का होगा; क्योंकि फिर दोनो के लिए सेमी फ़ाइनल मे पहुँचना आसान नहीं होगा। यदि कल का मैच भारत-पाकिस्तान मे से जिस किसी ने भी जीता, उसके लिए सेमी फ़ाइनल का रास्ता अपेक्षाकृत आसान रहेगा।
आज मेलबोर्न मे (भारतीय समयानुसार) अपराह्ण पाँच बजे के लगभग वर्षा रुक-रुक कर हो रही थी। वहाँ का मौसम ‘आँख-मिचौनी’ खेलता आ रहा है :– कुछ देर के लिए बादल की गर्जना होती है; वर्षा भी होती है, फिर सूरज अपनी चमक बिखेरकर आशा का संचार करता दिखता है। अब देखना है, ‘बेईमान मौसम’ कल क्या-क्या गुल खिलाता है?
ज्ञातव्य है कि ‘सुपर– १२’ मे प्रत्येक दल को अपने पाँच मैच खेलने होंगे; एक मैच जीतने पर २ अंक प्राप्त होंगे। ‘सुपर– १२’ के लिए कोई ‘सुरक्षित दिन’ निर्धारित नहीं है, इसलिए यदि किसी कारणवश मुक़ाबला रद्द किया जाता है तो दोनो दलों मे १-१ अंक बाँट दिया जायेगा। इस प्रकार कल का मैच जीतकर २ अंक अर्जित करनेवाले दल के लिए सेमी फ़ाइनल का रास्ता आसान हो जायेगा।
हमे भूलना नहीं चाहिए कि पिछली विश्व कप-प्रतियोगिता मे दक्षिणअफ़्रीका के दल ने सुपर– १२ मे पाँच मैचों मे से चार मैच जीते थे; बावुजूद दक्षिणअफ़्रीका का दल सेमी फ़ाइनल मे पहुँच नहीं पाया था।
उल्लेखनीय है कि भारत-पाकिस्तान के समूह मे दक्षिणअफ़्रीका, ज़िम्बाब्वे, बांग्लादेश तथा नीदरलैण्ड्स के दल सम्मिलित हैं। इस प्रकार इस समूह के छ: क्रिकेटदलों मे से केवल दो दलों को अन्तिम चार मे स्थान मिलना है, इसलिए भारत और पाकिस्तान के बीच कल के मुक़ाबले को वर्षा से प्रभावित रहने के कारण यदि निरस्त किया गया तो दोनो के लिए सेमी फ़ाइनल तक पहुँचने का रास्ता “बहुत कठिन है डगर पनघट की” साबित होगा।
(सर्वाधिकार सुरक्षित– आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय, प्रयागराज; २२ अक्तूबर, २०२२ ईसवी।