हृदय को देती शक्ति, भक्ति और विश्वास,
मन को देती स्थिरता, निडरता और उल्लास,
भटकन दूर करे दिल की, दिलाए असीम का एहसास।
देह को बनाए चुस्त, दुरुस्त और तंदुरुस्त,
मन को बनाए शांत, सौम्य और संयमी,
चलना जिस पर बहुत कठिन पर नहीं नामुमकिन,
जीत सदा जो करे हासिल,न खोए संयम,
नहीं जो होता डावांडोल रहे सदा कायम।
सौ झूठ का करे मुकाबला एक अकेला,
जिस पर करे न असर कोई दुनिया का झमेला,
लगती नहीं जिसे पाने में कोई
ताकत,
वो और नहीं कुछ है केवल ‘सत्य की ताकत’।
—सुमन बाला
प्रवक्ता हिंदी रा आ व मा पाठशाला खुंडियां जिला कांगड़ा हिमाचल प्रदेश।