श्री गुरुदेव के चरणों मे प्रगाढ़ भक्ति हो – सम्पूर्णानन्द जी महाराज

कौशाम्बी। करारी कस्बे के शनिधाम मन्दिर प्रांगण में चल रही नव दिवसीय श्रीराम कथा (रुद्राष्टकम) के तीसरे दिन बृहस्पतिवार को अंतर्राष्ट्रीय संत श्री सम्पूर्णानन्द महाराज जी ने गरूदेव महाराज पर कथा कही, कथा सुनने के लिए सैकड़ो की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

कस्बे में चल रही श्रीराम कथा ( रुद्राष्टकम ) के तीसरे दिन- बृहस्पतिवार को कथा वाचक,अंतरराष्ट्रीय संत श्री सम्पूर्णानन्द जी महाराज ने बताया कि काक भुसुण्डि ने गरुण जी को कथा सुनाते हुए बताया कि शिव जी को हरि का सेवक कहा गुरु से प्रेम करने से भक्ति ,सिद्धि मिलती है,और जो मूर्ख गुरु से ईर्ष्या करते हैं वे करोड़ों युगों तक रौरव नरक में पड़े रहते हैं फिर वो पशु पक्षी आदि की योनी में शरीर धारण करते हैं,और दस हजार जन्मोत्सव दुःख पाते रहते हैं।ये पापी काया गुरु से सन्त ,महात्मा के सम्मुख होकर भी अजगर की भांति बैठता है,और अनेक प्रकार के स्वप्न देखते हैं।, मोह निशा सह सोह निहारा। देखें स्वप्न अनेक प्रकारा।। महाराज जी ने बताया कि शुक्रवार की कथा में भगवान श्री राम का जन्म की कथा सुनाई जाएगी।इस मौके पर कार्यक्रम के आयोजक व मंदिर के पुजारी बालकदास जी फक्कड़ महाराज, आचार्य गीतेश पांडेय जी, राम जी, संजय जायसवाल, सोनू दादा,प्रवेश केशरवानी, अरविंद केशरवानी, श्याम सुंदर केशरवानी,धर्मवीर जायसवाल,दीना नाथ वर्मा, कमलेश अग्रहरि, पी एल अग्रहरी, गनेश चौरसिया, सहित सैकड़ों की संख्या में भक्तगण उपस्थित रहे।