त्याग व समर्पण का प्रतीक है भगवा ध्वजः मनीराम

  • राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ बदायूं नगर का श्री गुरु पूजन कार्यक्रम संपन्न।
  • सामाजिक व सेवा कार्यों में अग्रणी भूमिका निभाता है संघ : मनीराम

अंकित सक्सेना बदायूँ-

शहर के नेहरू मेमोरियल शिव नारायण दास डिग्री कॉलेज में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ बदायूं के तत्वाधान में संघ का श्री गुरु पूजन कार्यक्रम समारोह पूर्वक संपन्न हुआ। जिसमें संघ के स्वयंसेवकों ने त्याग व समर्पण के प्रतीक भगवा ध्वज के समक्ष समर्पण किया । ज्ञात हो कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने परम पवित्र भगवा ध्वज को अपना गुरु माना है ।

कार्यक्रम का शुभारंभ भगवा ध्वज के आरोहण के साथ प्रारंभ हुआ । तत्पश्चात संघ के स्वयंसेवकों ने भगवा ध्वज को प्रणाम कर अपनी समर्पण राशि भेंट की । कार्यक्रम के मुख्य वक्ता राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के क्षेत्रीय कार्यकारिणी सदस्य मनीराम ने कहा कि संघ संस्थापक डॉ केशव बलिराम हेडगेवार ने विजयादशमी के दिन 1925 में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना की । 1928 में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने त्याग व समर्पण के प्रतीकपरम पवित्र भगवा ध्वज को अपना गुरु माना और श्री गुरु पूजन कार्यक्रम का शुभारंभ किया । श्री राम ने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ विगत 93 वर्षों से शाखा के माध्यम से देशभक्त चरित्रवान नागरिकों का निर्माण कर रहा है । राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के कार्यकर्ता देश की संवेदनशील परिस्थिति जैसे बाढ़, भूकंप के साथ सुनामी जैसी दैवीय आपदाओं के साथ-साथ देश में होने वाली रेल दुर्घटनाओं के समय सबसे पहले सेवा सहायता के लिए पहुंचते हैं । श्री राम ने कहा संघ संस्थापक डॉ केशव बलिराम हेडगेवार ने संघ कार्य को गति प्रदान करने के लिए श्री गुरु पूजन जैसी समर्पण की अभिनव पद्धति प्रदान की. जिसमें स्वयंसेवक अपने परिश्रम से अर्जित कमाई संघ के कार्यों में सहयोग हेतु मनोयोग से समर्पित करते हैं ।