कछौना (हरदोई)। मौसम व सर्द हवाओं से बढ़ती गलन एवं ठिठुरन के बीच नगर पंचायत कछौना पतसेनी में ठंड से निपटने के कोई इंतजाम नहीं हैं। पारा दिन पर दिन गिरता जा रहा है, लेकिन नगर पंचायत प्रशासन की घोर लापरवाही के चलते चिह्नित स्थानों पर अलाव के मुकम्मल इंतजाम ना होने के कारण आमजनमानस को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
बढ़ती सर्दी में आमजनमानस को राहत देने के लिए नगर में चिन्हित स्थानों/सार्वजनिक जगहों पर नगर पंचायत प्रशासन द्वारा अभी तक अलाव नहीं जलवाए जा रहे हैं। लाखों रुपए का टेंडर होने के बावजूद भी मुख्य चौराहा, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, अस्पताल आदि सार्वजनिक स्थानों पर अलाव की व्यवस्था अभी तक नदारद है। ऐसी हालत में उक्त सार्वजनिक जगहों पर लोग ठिठुरने पर मजबूर होते हैं। आमजन, राहगीरों के साथ साथ रात्रि में पिकेट ड्यूटी/गश्त करने वाले पुलिसकर्मियों व अस्पताल में मरीजों के तीमारदारों को कागज, पॉलीथिन व गत्ते आदि जलाकर ठंड से बचाव करना पड़ता है।
नगर में सुठेना तिराहा, गाजू तिराहा, रेलवे स्टेशन, तारा मार्केट, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, मुख्य चौराहा/बस स्टैंड आदि चिह्नित स्थानों पर बीते कई वर्षों से अलाव के इंतजाम किए जाते रहे हैं। मध्य दिसंबर बीतने के बाद भी नगर पंचायत प्रशासन ने अभी तक अलाव के मुकम्मल इंतजाम नहीं किए हैं। पिकेट ड्यूटी करने वाले पुलिसकर्मी व आमजनमानस आपसी सहयोग से अलाव का इंतजाम कर ठंड से निजात पाने का प्रयास करते हैं। शनिवार रात्रि को अलाव व्यवस्था की जमीनी हकीकत परखने पर जहाँ मुख्य चौराहे पर पिकेट ड्यूटी कर रहे पुलिसकर्मी गत्ते, प्लाई आदि जलाकर ठंड भगाने का प्रयास करते दिखे वहीं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर मरीजों के तीमारदार बोरी, पॉलीथीन आदि जलाकर ठंड से निजात पाने की कोशिश कर रहे थे।
फिलहाल नगर पंचायत प्रशासन द्वारा सार्वजनिक जगहों पर अलाव ना जलवाने को लेकर जब जिले के उच्चाधिकारियों को अवगत कराया गया तो नगर प्रशासन ने हरकत में आते हुए नगर में कुछ स्थानों पर अलाव जलवाने की रस्म अदायगी कर अलाव जलवा दिए जोकि एक-दो घंटे बाद ही ठंडे पड़ जाते हैं। नगर में कई स्थानों पर रात्रि में पिकेट ड्यूटी/पैदल गश्त करने वाले पुलिसकर्मियों से बातचीत करने पर उन्होंने बताया कि उन्हें सर्द रातों में ड्यूटी के समय अलाव की आवश्यकता होती है लेकिन व्यवस्था ना होने के चलते ठिठुरने को मजबूर होते हैं। इस बाबत जब नगर पंचायत कछौना पतसेनी की अधिशासी अधिकारी रेणुका यादव से उनका पक्ष जानने का प्रयास किया गया तो उनकी ओर से कोई जवाब नहीं मिला।
रिपोर्ट ➖ एस.बी.सिंह सेंगऱ