लखनऊ में आज निवेशकों के सम्मेलन का उद्घाटन करते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने उत्तर प्रदेश के बुंदेलखड में विकास में रक्षा औद्योगिक गलियारे के विस्तार के लिए 20 हजार करोड़ रुपये के निवेश की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि रक्षा औद्योगिक गलियारे का विस्तार आगरा-लखनऊ, कानपुर, झांसी, अलीगढ़ और चित्रकूट तक किया जाएगा, ताकि बुन्देलखंड का विकास सुनिश्चित हो सके। बुंदेलखंड के विकास को विशेष तौर पर ध्यान में रखते हुए अब यह तय किया गया है कि यूपी में डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर का विस्तार आगरा, अलीगढ़, लखनऊ, कानपुर, झांसी और चित्रकूट तक पूरा बेल्ट होगा। इस कॉरिडोर में बीस हजार करोड़ रुपये के निवेश की संभावना है और यह करीब-करीब ढाई लाख लोगों के लिए रोजगार के नये अवसर निर्माण करेगा।
प्रधानमंत्री ने कहा कि क्षमता, नीति, योजना और कार्य प्रदर्शन से प्रगति होती है। श्री मोदी ने कहा कि उत्तर प्रदेश में देश का विकास इंजन बनने की क्षमता है। श्री मोदी ने कहा कि कारोबारियों को इस राज्य में लाल फीताशाही का सामना नहीं करना पड़ता, बल्कि उनका स्वागत किया जाता है। अब यू पी में उद्यमियों के लिए रेडटैप नहीं रेडकारपेट होगा। आज इंडस्ट्री के लिए जिस डिजिटल क्लेरन सिस्टम को लॉन्च किया गया है। वह भी इसी का उदाहरण है। यह एक सिंगल विंडो पोर्टल होगा, जिसके माध्यम से उद्यमियों को एक तय सीमा में ऑनलाइन परमिशन मिल जाया करेगी। प्रधानमंत्री ने कहा कि केन्द्र की स्किल इंडिया, स्टार्टअप इंडिया जैसी पहल से उत्तर प्रदेश सरकार की एक जिला एक उत्पाद योजना को मजबूती मिलेगी। सम्मेलन के पहले दिन कई केन्द्रीय मंत्रियों ने विभिन्न सत्रों में भाग लिया और अनेक सहमति पत्रों पर हस्ताक्षर किए गए।
केन्द्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने अप्रैल महीने से लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेस वे का काम शुरू किये जाने का ऐलान किया। जिसके पूरा होने पर दोनों शहरों के बीच सफर में महज 45 मिनट का समय लगेगा। केन्द्रीय मंत्री हरसिमरत कौर बादल ने फूड प्रोसेसिंग और गिरीराज सिंह ने सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों से जुड़े सैशन्स में सहभागिता की। केन्द्रीय कपड़ा और सूचना तथा प्रसारण मंत्री स्मृति इरानी ने प्रदेश सरकार की टैक्स टाइल नीति की तारीफ की और कहा कि राज्य में कानून व्यवस्था में हुए सुधार के चलते उद्योग फिर से स्थापित होंगे। उद्योग जगत के दिग्गजों मुकेश अंबानी, आनंद महिन्द्र, गौतम अडानी ने भी इस समिट में शिरकत की और करोड़ों के निवेश का ऐलान किया। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद कल समापन समारोह को संबोधित करेंगे।