झुण्ड नहीं समाज बनाओ
जीवों में पशुता सरल है।मनुष्य भी एक जीव है, मछली जैसा।तो मछुवारे धूर्त लोग इस जीव का शिकार करने को अनेक रंग-रूप के जाल बिछाते हैं जिसमें मछलियों का झुंड आकर्षित होकर फसते रहता है।वे […]
जीवों में पशुता सरल है।मनुष्य भी एक जीव है, मछली जैसा।तो मछुवारे धूर्त लोग इस जीव का शिकार करने को अनेक रंग-रूप के जाल बिछाते हैं जिसमें मछलियों का झुंड आकर्षित होकर फसते रहता है।वे […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय क्या यही ‘हिन्दुत्व’ है? यदि हाँ, तो इस हिन्दुत्व को इतनी गहराई मे दफ़्न कर देना चाहिए, जिससे कि शान्तिपूर्ण वातावरण विषाक्त बन न सके। कुछ कथित हिन्दुओं के कुकृत्य […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय— ● रूसी सेना ने युक्रेन के ‘बूचा’ मे मानवता का मर्दन करते हुए, अपने नृशंस चरित्र का परिचय दिया है।● युक्रेन के बूचा मे युक्रेनी युवतियों के साथ रूसी सैनिकों […]
सुबह जब सोकर उठा तो आज के समाचार पत्रों TV न्यूज़ चैनलों में एक अतिमहत्वपूर्ण खबर पर नज़र ठहर गयी। विस्तार से पढ़ा-देखा कि हमारे देश के प्रधानमंत्री अपने विभिन्न साथियों के साथ एक बैठक […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय ■ भारतीय दर्शनशास्त्री (यहाँ ‘दार्शनिक’ शब्द का प्रयोग अशुद्ध है और अनुपयुक्त भी।) ‘चार्वाक’ का भौतिकवादी कथन समझिए :–“यावज्जीवेत सुखं जीवेद, ऋणं कृत्वा घृतं पिवेत।”(जब तक जियें सुख से जियें […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय इस महिला को पहचानिए। यह ‘आज तक’ समाचार की एंकर है। इसका नाम चित्रा त्रिपाठी है, जो ‘सस्ती’ लोकप्रियता पाने के लिए चर्चित है। नियम-क़ानून की बात करनेवाले कथित चैनल […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय मेरे समीप कुछ लोग बैठे हुए थे, तभी एक विचार कौंधा (मस्तिष्क/दिमाग़ मे कौंधा, अशुद्ध और अनुपयुक्त प्रयोग है; क्योंकि विचार ‘मस्तिष्क’/’दिमाग़’ मे ही कौंधता है।)। मेरे सामने दो गिलास […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय इन कथित ‘रिटायर्ड शिक्षकों’ की शोध कराने की उम्र ९० साल कर दी जाये, ताकि मूढ/मूढ़ सरकार की गर्हित शोधनीति की क़ब्र ख़ुद दी जाये। हमारे जो विद्यार्थी युवा हैं […]
किसी मित्र ने फेसबुक पर हमें सुझाव दिया-:“भीख माँगना कानूनन अपराध होना चाहिए अपने देश में” समीक्षा;मुद्दा भीख माँगने का है ही नहीं भारतीय समाज में…! यदि भारतीय नागरिकों द्वारा संचालित/चुनी हुई सुपात्र सरकारों द्वारा […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय (सर्वाधिकार सुरक्षित– आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय, प्रयागराज; २० मार्च, २०२२ ईसवी।)
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय धौलपुर (राजस्थान) में एक महिला के साथ १५ मार्च को उसके पति और बच्चों के सामने सामूहिक दुष्कर्म किया गया था, ऐसा पीड़िता ने कथन किया है। इतना ही नहीं, […]
कई दिनों से यूक्रेन से भारतीय छात्रों को वापस लाने की कवायद चल रही है, पर अभी भी सारे छात्र वापस नहीं लाए जा सके हैं। समझ में नहीं आता कि चार-चार मन्त्री वहाँ जाकर […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय भारतीय समाचार-चैनलों पर विश्वास न करें; क्योंकि संयुक्त राज्य अमेरिका ने वैश्विक स्तर पर रूस से सूचना-सम्प्रेषण के समस्त स्रोत विच्छेद कर लिये हैं। उदाहरण के लिए– युक्रेन ने एक […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय ‘मोदी ऐण्ड कम्पनी’ को मालूम था कि रूस और युक्रेन के बीच युद्ध की स्थिति बननेवाली है; किन्तु उसे उसने गम्भीरता से नहीं लिया। यही कारण है कि भारत से […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय अपनी विस्तारवादी महत्त्वाकांक्षा के चलते, रूस ने आज (२४ फ़रवरी) युक्रेन पर चारों ओर से भीषण आक्रमण कर दिया है। रूसी युद्धक विमान ने युक्रेन की राजधानी ‘कीव’-सहित कई नगरों […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय मोदी-योगी! डुमरियागंज के अपने उस हरामी और दोगले क़िस्म के बदज़ात विधायक और प्रत्याशी राघवेन्द्र सिंह को समझा लो, जिसने कहा है,”बीजेपी को वोट न देनेवाला हिन्दू नाजायज़ औलाद है।” […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय केन्द्र मे जब काँग्रेस; उत्तरप्रदेश मे बहुजन समाज पार्टी और समाजवादी पार्टी ने शासन करते समय अति कर दी थी तब मन यही कहता था– एक कुत्ता मंज़ूर है; लेकिन […]
भूखों मरता नागरिक अन्य सब बातों से पहले अपनी भूख मिटाने का ही विचार करता है।वह रोटी का एक टुकड़ा पाने के लिए अपनी स्वतंत्रता और अपना सबकुछ बेंच डालेगा। भारत में करोड़ो युवा नागरिकों […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय निर्वाचन आयोग के सभी अधिकारी बेईमान हैं। उत्तरप्रदेश के अधिकांश मे खुले आम गुण्डई की जा रही है; चुनाव आचार संहिता का खुला उल्लंघन किया जा रहा है। निर्वाचन आयोग […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय पिछले सात-आठ वर्षों से जिस तरह से बैंक-घोटाले कराये जा रहे हैं और ‘न्यू इण्डिया की मोदी-सरकार’ उन घोटालों पर चुप्पी साधे हुए है, उससे एक बात सुस्पष्ट हो चुकी […]
क्या अन्याय पर आपकी चुप्पी और निष्क्रियता आपको अन्याय के प्रति सहमत सिद्ध नहीं करती? भारतविश्व के विभिन्न राज्यों में घोर अन्याय व्याप्त है।प्रथमतः मुख्य चार जनाधिकारों पर ही यहाँ हम आपका ध्यान आकर्षित कर […]
Dilrajpreet Kaur, First Yoga Brand Ambassador of Uttarakhand Government. Work in ministry of ayush. KALPANA CHAWLA Awardee. World Champion.
“आमआदमीपार्टी मुद्रा की नही,जनता के मुद्दों की राजनीति करती है” ..! आओ मिलकर इस बार उत्तरप्रदेश में भी केजरीवाल की सरकार बनायें। क्योंकि,उत्तरप्रदेश में आमआदमीपार्टी की सरकार बनने पर शिक्षा बजट अप्रत्याशित रूप से जब […]
● भगदड़ मे मरनेवाले भी कम दोषी नहीं ★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय वर्ष २०२१ को पुरातन की गोद मे बैठाकर नूतन वर्ष २०२२ इधर अपना आसन ग्रहण करता है उधर कोविड-कोरोना को नज़र-अन्दाज़ करते […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय पौने तेरह महीने तू-तू, मै-मै और न जाने क्या-क्या लोग करते रहे हैं और जैसे-जैसे तेरहवें महीने के गर्भ से दो हज़ार बाईसवाँ फुदकने की तैयारी मे है; लोग शिकवा-शिकायत-गिला […]
1857 क्रांति की ‘राष्ट्रीयता’ की भावना के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका रही। विफलता के बावजूद 1857 का विद्रोह भारतीय राष्ट्रीय आंदोलन की विरासत का मूलाधार बना। इसकी विरासत को कभी समाप्त नहीं किया जा सका। […]
AAP Basic Mission is to establish the True & Real Justice in the Worldwide Society & Nation. This Mission can only be accomplished by the following Activities :- ◆To Establish and Protect the Religion of […]
अशिक्षा, बेरोजगारी, असुविधा व असुरक्षा का तांडव जारी ..!देश के मुखिया ने किया भ्रष्ट व्यवस्था का झण्डा ऊंचा सरकारी ..!! मौजूदा देश-प्रदेश की 75 वर्षीय भाजपाई व कांग्रेसी सरकारें टैक्स के पैसों (सरकारी खज़ाना) से […]
हर घर मिलेगा गारंटीड रोजगार,जब बनाएँगे “आप” की सरकार..!! जबतक युवा पीढ़ी मौजूदा राजनैतिक विवेकहीनता का स्थाई विकल्प नही बनेगी-बनाएगी, तब तक संसद, विधानसभाओं में वह सब होता रहेगा जो अमर्यादित है, अन्यायजनित है, असंवैधानिक […]
देश की लगभग क्रीम आबादी वाले सभी शहरों की दुर्दशा पिछले 7 सालों में बद से बदतर हो चुकी है।ग्रामीण एरिया की दुर्दशा तो बयान करने लायक ही नही है।क्योंकि मौजूदा केंद्रीय नेतृत्व के पास […]
देश की कुल आबादी लगभग 140 करोड़ है।प्रत्येक वर्ष लगभग प्रति व्यक्ति से उनकी नौकरी/रोजगार की आय से व रोजमर्रा में उपभोग की जाने वाली वस्तुओं को खरीदने/बेंचने पर अनुमानतः एवरेज ₹10000 का प्रत्यक्ष व […]
मौजूदा धूर्त कुराजनीति के ‘निजी स्वार्थ’ से शायद ही कोई अछूता हो!फिर भी जिन्हें लगता है वे नही हैं, उनके लिए ये आर्टिकल अतिमहत्त्वपूर्ण है। अवश्य पढ़ें; निजी स्वार्थलिप्सा का सबसे महत्त्वपूर्ण कारण है “अवरीयता” […]
प्राचीनकाल में राजनीति में पाँच कूटनीति प्रशस्त थी।जो बाहरी दुर्जनों या अपराधियों को काबू में करने के लिये प्रयोग की जाती थी।साम, छल, दंड, दान, भेद को ही पाँच कूटनीति (प्रपंच) नाम से भी जाना […]
आज अंतराष्ट्रीय मानवाधिकार दिवस पर आधारित विशेष आर्टिकल “सत्यात्मक न्याय” ही मानवी समाज व मानवी राष्ट्र का एकमात्र धर्म है। संसार मे कोई भी मनुष्य ऐसा नहीं है जो अपने लिए न्याय न चाहता हो। […]
—-सन्त समीर (प्राकृतिकचिकित्सा विशेषज्ञ व वरिष्ठ पत्रकार) ओमिक्रॉन से जिन्हें आतङ्कित रहना हो, रहें, हमारे जैसे लोग के लिए इसका कुछ ख़ास अर्थ नहीं है। असल तो यह कि भारत में स्वाभाविक सङ्क्रमण जितना हो […]
जो अन्याय करता है, और कभी नहीं चाहता की न्याय हो, उसे निषाद कहते हैं।उसे अन्त्यज कहते हैं।उसे बहिष्कृत्य और परित्यज्य कहते हैं।उसे अस्पृश्य कहते हैं।उसे अछूत कहते हैं।उसे असामाजिक तत्त्व कहते हैं।उसे असभ्य कहते […]
पूरा आर्टिकल अवश्य पढ़ें… ज्ञान के बिना धर्म अंधा है।कर्म के बिना लूला-लँगड़ा तथा भक्ति के बिना निष्प्राण होता है।वही व्यक्ति पूर्णतया धार्मिक है जिसके जीवन मे इन तीनों का ही समग्र विकास होता है।🌷महाराजा […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय अभी कुछ दिनों-पूर्व गर्हित-कुत्सित-कलुषित-संदूषित- विकृत-बीभत्स-सी लगने-दिखनेवाली एक संस्कारविहीन औरत ने हमारे उन सेनानियों और विभूतियों के त्याग- बलिदान का घोर अनादर करते हुए, ऐसा कुविचार सार्वजनिक किया था, जिनके अथक […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय आपको यहाँ जो पहला चित्र दिख रहा है, उसका नाम ‘मुरलीधर राव’ है। इसका चेहरा देखिए; कितना बीभत्स दिख रहा है! ‘म्लेच्छ’ लग रहा है! इसका नाम ‘मुरलीधर राव’ है। […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय ‘न्यू इण्डिया की मोदी-सरकार’ कहती है– हम चीन को एक इंच ज़मीन लेने नहीं देंगे; किन्तु उसी चीन ने भारत की सीमा में घुसकर साढ़े चार सौ किलोमीटर का क्षेत्र […]
—-पदम चन्द्र गुप्ता लेखक अधिवक्ता व वरिष्ठ पत्रकार हैं। अवध रहस्य राष्ट्रीय साप्ताहिक समाचार पत्र के प्रकाशक-सम्पादक हैं।
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय ● क्या आपको मालूम है, भारत की स्वतन्त्रता वर्ष २०४६ में समाप्त हो जायेगी?● ‘सत्ता के हस्तान्तरण का समझौता’ के अन्तर्गत भारत को ९९ वर्षों के लिए गोपनीय ढंग से […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय एक बार पीछे मुड़कर अपने साये से सवाल कीजिए, हमारी राष्ट्र की सुरक्षा का स्तर कितना गिर चुका है? विदेश और रक्षानीति कितनी समझौतावादी हो चुकी है? चीन, भूटान, नेपाल […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय ● ‘न्यू इण्डिया की निर्मम मोदी-सरकार’ ने देशवासियों की आय के स्रोत को ‘दीमक’ की तरह से चाट लिया है। कथित घृणित सरकार ने ‘एक राष्ट्र-एक कर’ के नाम से […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय यदि आज उत्तरप्रदेश-विधानसभा के चुनाव हों तो अनुमानत: परिणाम-विभाजन इस प्रकार सार्वजनिक होंगे :— प्रथम स्थान– समाजवादी दल– लगभग २०० सीटें।द्वितीय स्थान– भारतीय जनता पार्टी– लगभग १६० सीटें।तृतीय स्थान– काँग्रेस […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय २४ अक्तूबर को दुबई में भारत-पाकिस्तान के मध्य खेले जानेवाले ‘टी-20 विश्व कप क्रिकेट-प्रतियोगिता’ में भारतीय मीडिया को बहुत उछलने की ज़रूरत नहीं है; क्योंकि ‘टी-20’ में कुछ भी हो […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय आज प्रत्येक क्षेत्र में प्रतिद्वन्द्विता है, प्रतियोगिता है तथा प्रतिस्पर्द्धा भी। ‘मुद्रित माध्यम’ (समाचारपत्र-पत्रिकाएँ) भी इनसे अछूती नहीं है। किसी भी समाचारपत्र अथवा पत्रिका के पन्ने पलटते जाइए, फिर आप […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय मानवाधिकार’ की बात करनेवाला नरेन्द्र मोदी मानवता का कितना पोषक रहा है? गोधराकाण्ड भूल गया? उसने ‘नोटबन्दी’ और ‘कोरोना’ तथा ‘किसान-आन्दोलन’ में मारे गये मनुष्यों के प्रति आज तक ‘एक […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय ‘न्यू इण्डिया की मोदी-सरकार’ को उखाड़ फेंकने का मन बनाइए; जहाँ-जहाँ ‘भारतीय जनता पार्टी’ की सरकारें हैं, ध्वस्त कर दीजिए, वरना इसके ‘मनबढ़’ और ‘अहंकारी’ नेता देश की जनता को […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय प्रत्येक युग में समाज विभाजित रहा है; क्योंकि वह कर्म के धरातल पर संकुचित और क्षुद्र स्वार्थ-साधना करता आया है और उस कुत्सित सिद्धि के लिए स्वानुकूल नियम की रचना […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय देशवासी इस विषय पर गम्भीरतापूर्वक विचार करें :– नरेन्द्र मोदी वर्ष २०१४ में चुनाव-पूर्व देश की जनता को दिखाये मीठे सपनों को अपने निर्धारित कार्यकाल में पूरा न कर सकेे […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय प्रतिवर्ष ‘नीट’ तथा राज्य-स्तरीय लगभग समस्त प्रतियोगितात्मक परीक्षाओं में ‘सॉल्वर गैंग’ पकड़े जाते हैं; किन्तु ‘न्यू इण्डिया की मोदी-सरकार’ तथा राज्य-सरकारें हाथ-पर-हाथ धरे बैठी हुई हैं। कोचिंग-संस्थान के कर्त्ता-धर्त्ता ‘पेपर […]
इंसान का इंसान से हो भाईचारा।यही पैगाम हमारा, यही पैगाम हमारा।।और इस भाईचारे का न्यायोचित उपाय है- “शिक्षा और रोजगार”।अर्थात्-1● समाज में 25 वर्ष की आयु तक प्रत्येक नागरिक को मानवीय पात्रता के विकास हेतु […]
मौजूदा धूर्त कुराजनीति के “निजी स्वार्थ” से शायद ही कोई अछूता हो! फिर भी जिन्हें लगता है वे नही हैं तो उनके लिए ये आर्टिकल अतिमहत्त्वपूर्ण है।अवश्य पढ़ें ; निजी स्वार्थलिप्सा का सबसे महत्वपूर्ण कारण […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय ‘न्यू इण्डिया की मोदी-सरकार’ ने अपनी बेहद घटिया आर्थिक नीति को लागू कर, जनसामान्य की कमर तोड़ कर रख दी है; क्योंकि वह पिछले सात वर्षों से इस भ्रम को […]
मनुष्य यदि आत्मानुशासित नहीं है तो उसे ‘आत्मचिन्तन’ का आश्रय लेना होता है, अन्यथा वह एक ‘रिक्त पात्र’ की तरह से ‘सार्वकालिक वस्तु’ बनकर रह जाता है। अनुशासन का चरित्र वैषम्य (विषमता) से परे का […]
मनुष्य का एक वर्ग ऐसा है, जो योग और योगदान विषय पर प्रवचन तो करता है; परन्तु आचरणस्तर पर जब योगदान करने (यहाँ ‘देने’ अशुद्ध है।) का विषय आता है तब कुतर्क की क्षणिक स्थापना […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••यह वही आयुष सिनहा है, जिसने २८ अगस्त को हरियाणा में अपने अधिकार के लिए आन्दोलन कर रहे किसानों को लाठियों से मार-मार सिर तोड़ देने के लिए पुलिसबल को आदेश […]
शिक्षा मनुष्य को सुसंस्कारित व चरित्रवान बनाती है। शिक्षा आत्मसाक्षात्कार है जो आत्मा का दिग्दर्शन करा देती है।जो व्यक्ति विद्यार्थियों को विद्यालयों में पढ़ाते हैं वे शिक्षक कहलाते हैं। शिक्षक का कार्य है शिक्षा देना। […]
● सन्त समीर (प्राकृतिक चिकित्सापद्धति के जानकार एवं वरिष्ठ पत्रकार आयुष मन्त्रालय और साथ में नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ़ नेचुरोपैथी ने एक ऐसी हरकत की है, जिससे यह साबित हो गया है कि हमारे जैसे लोग […]
मनुष्य का जीवन जीवधारी के कठोर साधना और सत्कर्म के परिणामस्वरूप प्राप्त होता है, जिसे ‘सर्वोत्तम योनि’ की संज्ञा प्राप्त है। ऐसे में, यदि मनुष्य साधनारहित होकर प्रतिकूल आचरण करता रहता है तो उसका संचित […]
कौन कहता है, शब्द में शक्ति नहीं होती? शब्द वह अपराजेय शक्ति है,जो पाषाण हृदय को भी ‘मोम-सदृश’/मोम के समान (‘सदृश्य’ अशुद्ध शब्द है; शुद्ध शब्द ‘सादृश्य’ है, जो ‘समानता’ के अर्थ में व्यवहृत होता […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय देश के एक महत्त्वपूर्ण तन्त्र ने मुझसे सम्पर्क किया था और ‘अमर रहे’, ‘ज़िन्दाबाद’ आदिक परम्परागत उद्घोष से अलग हटकर उद्घोष-रचना करने के लिए आग्रह किया था, जिसे व्यापक स्तर […]
वे देश मे समभाव के प्रतीक थे। इसलिए उन्होंने अपना नाम बदलकर राम मोहम्मद सिंह आजाद रख लिया था जो भारत के 3 प्रमुख धर्मो का प्रतीक है। राम-हिन्दू,मोहम्मद-मुस्लिम,सिंह-सिख। 1919 में उधम सिंह ने अनाथालय […]
मानव सृष्टि का सबसे खूबसूरत विकसित मस्तिष्क वाला जीव ईश्वर की अनमोल कृति है। जो सोचता है बोलता है गति करता है नित नये विकास की ओर बढ़ता हैं। वह परिश्रम कर सफलता प्राप्त करता […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय संसद् का मानसून-सत्र केवल हंगामा के कारण व्यर्थ होता जा रहा है। यही कारण है कि विपक्षी दलों का विरोध केवल ‘विरोध’ के लिए दिख रहा है। होना यह चाहिए […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय उत्तरप्रदेश के मुख्यमन्त्री की काँवड़ियों के लिए काँवरयात्रा निकालने की अनुमति देने की अवसरवादी नीति से देश में कोरोना-संक्रमण का बढ़ना निश्चित है। मुख्यमन्त्री आदित्यनाथ ने काँवड़ियों के यात्रा के […]
प्रेम शब्द बड़ा व्यापक है। मीराबाई कृष्णभक्त थी। मीरा प्रेम दीवानी हो गई। कृष्ण भजन में लीन हो गई। प्रेम परमात्मा से करना चाहिए। प्रेम में विश्वास हो श्रद्धा हो समर्पण हो तभी प्रेम सच्चा […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय एक ऐसे व्यक्तित्व का, जो मूल राष्ट्रीय धारा से जुड़कर दलितों-पतितों-वंचितों-शोषितों का संरक्षण करता रहा, ५ जुलाई को एक चिकित्सालय में निधन हो गया था। वे वही फ़ादर स्टैन स्वामी […]
आत्मीय पाठकगण !मैं मानसिक स्तर पर घड़ी की गति से भी तीव्र गति में चलते रहने का पक्षधर रहा हूँ। विगत समय के कतिपय वर्षों में मैंने अपने सारस्वत कोश में भाँति-भाँति के इतने शब्द-सञ्चय […]
भवानीमंडी:- देश के सुप्रसिद्ध कवि एवम साहित्यकार डॉ. राजेश कुमार शर्मा पुरोहित ने अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर घर पर ही योग ,प्राणायाम, सूर्य नमस्कार ,आसन, ध्यान किया।उन्होंने अनुलोम विलोम कपालभाति भ्रामरी प्राणायाम नियमित करने की […]
-डॉ. राजेश कुमार शर्मा ‘पुरोहित’कवि/साहित्यकार कबीर का जन्म 1398 में हुआ था।ये जाति से जुलाहा थे। काशी में रहते थे।लोई से इनका विवाह हुआ।कमाल इनका पुत्र व कमाली पुत्री थी।ये सिकन्दर लोधी के समकालीन माने […]
वास्तव में योग ऋषि मुनियों की परंपरा से चला आ रहा है। योग से रोग दूर हो जाते हैं। यह शरीर व मस्तिष्क दोनों को स्वस्थ रखता है।योग से आसन से प्राणायाम से शरीर मे […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय कोरोना-काल में देशवासियों की आमदनी के स्रोत ‘न्यू इण्डिया की निर्मम मोदी-सरकार’ खा चुकी है; उस पर सरकार अपने राजस्व में वृद्धि कराने के लिए लगातार पेट्रोल-डीज़ल के मूल्यों में […]
सोनू सूद – क्या तुम समाज की बुराइयों को मिटा पाओगे ? सोनू सूद क्या तुम समाज में फैली हर एक बुराई को मिटा पाओगे ,या फिर तुम भी दो-चार दिन के मसीहा बन और […]
‘मुक्त मीडिया’ का ‘आज’ का सम्पादकीय ★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय भारतीय जनता पार्टी और ‘न्यू इण्डिया की मोदी-सरकार का दलाल संबित पात्रा ने १८ मई को एक ट्वीट किया था, जिसमें उसने काँग्रेस पर […]
भविष्य के लिए सीख…….. शाश्वत तिवारी : लखनऊ: कोविड-19 महामारी 2020 की पहली तिमाही में पूरी दुनिया में फैल गई, जिससे वैश्विक जैव-सामाजिक-आर्थिक अव्यवस्था सामने आई। इस महामारी ने बेशुमार सामाजिक, आर्थिक, राजनीतिक और रणनीतिक […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय ‘हिन्दू-हिन्दुत्व’ की आड़ में बनायी गयी ‘न्यू इण्डिया की मोदी-सरकार’ कोरोना से मरे और मर रहे हिन्दुओं के शवों की दुर्दशा क्यों करा रही है? एक ‘कफ़न’ तक नहीं मिल […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय उत्तरप्रदेश के मुख्यमन्त्री का कहना है कि उनके राज्य में सातों दिन चौबीसों घण्टे कोरोना-रोगियों के लिए उपचार की व्यवस्था है, जबकि वास्तविकता है कि ३२ करोड़ की आबादीवाले इस […]
महेेन्द्र महर्षि (सेवानिवृत्त वरिष्ठ अधिकारी, दूरदर्शन) जब फूलों की बहार आने लगी तो एक सुबह अपने ब्लाक के ऊपरी छज्जे पर मधुमक्खी का छत्ता नज़र आया। फिर तो रोज़ ही उसे देखना रूटीन बन गया। […]
••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••आत्मीय मित्रमण्डल!वर्तमान समय संकट-संत्रास-संघर्षण का है। आप सपरिवार, इष्ट-मित्रवृन्द के साथ महामारी-संक्रमण के समय में अपनी इच्छाशक्ति को सुदृढ़ करें। आप यदि ऊर्जावान् रहते हुए, अभावग्रस्त व्यक्ति की किसी भी रूप में सहायता करने में […]
आकांक्षा मिश्रा एक सामान्य दिन हम सभी का एक जैसा ही होता है ,व्यस्तता हमारी जिंदगी में बहुत नही होती । लेकिन एक हद तक व्यस्त होने का उपक्रम बना लिया जाता है । कोरोना […]
युवा चाहें तो समाज और देश में बड़े से बड़ा बदलाव ला सकते हैं। महामारी के इस भयावह दौर ने अगर परेशानियां दी हैं तो उससे कहीं अधिक सकारात्मकता का संचार भी किया है और […]
(शाश्वत तिवारी) माना जा रहा है कि कुछ विकसित देश साल 2021 के अंत तक कोरोना टीकाकरण के लक्ष्य को प्राप्त कर लेंगे, लेकिन ज्यादातर देशों को यह लक्ष्य प्राप्त करने में समय लगेगा। यदि […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय उत्तरप्रदेश का मुख्यमन्त्री आदित्यनाथ झूठा है। वह कह रहा है, “उत्तरप्रदेश में कोई कमी नहीं है। उत्तरप्रदेश में ऑक्सीजन की कोई कमी नहीं है।” निर्मम आदित्यनाथ से कोई पूछे, जब […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय मेरे सम्मानित देशवासियो! अब समय आ चुका है कि हम सभी एक स्वर में यह संकल्प करें– देश के किसी भी राजनैतिक चुनाव में हम मतदान करने के लिए नहीं […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय नरेन्द्र मोदी देशवासियों को कोरोना की धधकती आग के हवाले कर चुनावी राजनीति को प्राथमिकता देता रहा, जबकि उसे सर्वदलीय बैठक बुलाकर सभी चुनाव स्थगित करा देने चाहिए थे; परन्तु […]
मनीष सिंह : नहीं, चौकिये मत। कोई तंज नही, कोई तल्खी नही। जब आपने यह खूबसूरत नाम दिया है, मुझे क्या एतराज हो सकता है। सबकी जिंदगी में कोई पप्पू, राजू, बबलू, गुड्डू, बिल्लू .. […]
कहते हैं इतिहास खुद को दोहराता है। करीब 01 साल पहले पूरी दुनिया ऐसी महामारी की चपेट में आ गई थी, जिसके बारे में इंसान ने कुछ सोचा नहीं था। फिर उस महामारी का प्रसार […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय २ अप्रैल, २०२१ ईसवी को मेरी बड़ी बेटी कंजिका ने अकस्मात् कहा था, “बाबू जी! जितना आपने ‘हिन्दी’ पर ध्यान दिया है उतना परिवार पर दिये रहते तो क्या बात […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय १ अप्रैल को पाथरकाण्डी/पथराकाण्डी, असोम से भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवार कृष्णेन्दु पाल के वाहन ‘बोलेरो’ में बड़ी संख्या में ई० वी० एम० (इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन) मिली थीं। ये मशीनें […]
चिन्तनपक्ष ★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय आपकी किसी टिप्पणी पर यदि कोई भी व्यक्ति बिना विचार किये ‘निन्द्य’ टिप्पणी करता हो तो उसे ‘तत्काल’ निरुद्ध कर दें; जैसा कि मैं करता आया हूँ। वैसा व्यक्ति […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय हमारे देश की युवाशक्ति का इस स्तर तक विकेन्द्रीकरण कर दिया गया है कि वह अपने साथ किये जा रहे अन्याय को ‘भाग्यप्रदत्त’ मानकर ‘कुण्ठा’ की दशा को प्राप्त कर […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय नरेन्द्र मोदी ने आज (२६ मार्च) बांग्लादेश के स्थापनातिथि-समारोह के अवसर पर बांग्लादेश में कहा–मैंने बांग्लादेश के लोगों की आज़ादी के लिए सत्याग्रह की लड़ाई लड़ी थी और गिरफ्तारी (शुद्ध […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय २४ फरवरी, २०२१ ई० को ‘सरदार वल्लभभाई पटेल स्टेडियम’ का नाम बदलकर ‘नरेन्द्र मोदी स्टेडियम’ कर दिया गया था। ऐसे में, सहज ही प्रश्न आत्मसम्मान के साथ खड़ा हो जाता […]
★ आचार्य पं० पृथ्वीनाथ पाण्डेय वर्तमान केन्द्र-सरकार का संचालन करनेवाले देश की जनता के सामने सात वर्षों के भीतर जितने भी प्रकार के कार्य करने के लिए वचनबद्ध हुए थे, उनमें से एक भी आज […]